संवाद न्यूज एजेंसी
चरखी दादरी। मणप्पुरम गोल्ड लोन एनबीएफसी (नॉन बैंकिंग फाइनेंसियल कंपनी) दादरी शाखा में हुई चोरी के मास्टरमाइंड एक सप्ताह बाद भी पुलिस गिरफ्त से बाहर है। वहीं, चोरी के षड्यंत्र में शामिल होने पर काबू किए गए सोनीपत निवासी किरण का तीन दिन का रिमांड पूरा होने पर पुलिस ने वीरवार को उसे कोर्ट में पेश किया। पूछताछ के लिए कोर्ट ने उसका एक दिन का पुलिस रिमांड फिर से मंजूर किया है।
एक मई को दादरी के परशुराम चौक समीप स्थित मणप्पुरम गोल्ड लोन एजेंसी के मुख्य शटर का ताला तोड़कर चोरी की वारदात को अंजाम दिया गया था। अहम बात यह रही कि स्ट्रॉग रूम में रखी सेफ को तोड़ने के बजाय दो चाबियों से खोला गया। इससे मौजूदा या पूर्व स्टाफ का हाथ होने की बात सामने आई थी। वहीं, शुक्रवार देर शाम फील्ड जोनल मैनेजर रवि के. ने पुलिस को शिकायत देकर पूर्व ब्रांच हेड विजय और पूर्व ब्रांच हेड सहायक दीपेंद्र समेत 5 के खिलाफ केस दर्ज कराया था।
करीब 5.14 करोड़ की चोरी में एसपी अर्श वर्मा ने 4 टीमें गठित की थीं। इसके बाद पुलिस टीम ने एजेंसी के पूर्व अधिकारी के साले सोनीपत निवासी किरण को रोहतक से गिरफ्तार किया था। उसकी अपने जीजा से बातचीत हुई थी। वहीं, कोर्ट ने पूछताछ के लिए किरण का तीन दिन का पुलिस रिमांड मंजूर किया था। वीरवार को रिमांड अवधि पूरी होने पर उसे दोबारा से कोर्ट में पेश किया गया। पुलिस ने उसका फिर से रिमांड मांगा। कोर्ट ने एक दिन का रिमांड मंजूर किया।