हरियाणा सरकार की ओर से केंद्र सरकार को पत्र लिखकर की मांग
चंडीगढ़। आपातकाल के दौरान जेल जाने वाले व हिंदी आंदोलन के परिवारों के सदस्यों को भी हरियाणा सरकार कैशलेस इलाज की सुविधा में शामिल करने जा रही है। राज्य सरकार ने इसके लिए केंद्र सरकार को पत्र लिखा है। केंद्र की मंजूरी मिलते ही इन परिवारों को भी पांच लाख रुपये तक इलाज कैशलेस मिलेगा। आंदोलनकारी परिवार के सदस्य काफी दिन से इसकी मांग कर रहे थे। उनकी मांग थी कि उन्हें भी अन्य वर्ग की तरह कैशलेस इलाज की सुविधा मिलनी चाहिए।
हरियाणा सरकार ने केंद्र को भेजे पत्र में आपातकाल के दौरान जेल जाने वाले परिवारों के सदस्य, भारतीय राष्ट्रीय सेना के सैनिकों, द्वितीय विश्व युद्ध के बंदियों और हिंदी आंदोलन के परिवारों को पांच लाख रुपये तक कैशलेस स्वास्थ्य कवरेज प्रदान करने का प्रस्ताव दिया है। आयुष्मान भारत हरियाणा स्वास्थ्य प्राधिकरण के संयुक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण नई दिल्ली के निदेशक को एक आधिकारिक पत्र लिख अनुरोध किया कि वे सीसीएचएफ योजना के अंतर्गत उपरोक्त श्रेणियों को शामिल करने के लिए साफ्टवेयर में बदलाव करते हुए अनुमति प्रदान करें। केंद्र से मंजूरी मिलने के बाद इसकी अधिसूचना जारी की जाएगी।