अमर उजाला ब्यूरो,
चंडीगढ़। कर्मचारी संगठनों ने यूपीएस (यूनीफाइड पेंशन स्कीम) को नकारते हुए पुरानी पेंशन स्कीम (ओपीएस) की मांग की है। कर्मचारी संगठनों ने दो टूक कहा है कि कर्मियों को कोई भी दूसरी पेंशन योजना स्वीकार नहीं है। महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने ओपीएस को कर्मचारियों की लाइफलाइन बताते हुए स्पष्ट किया है कि जब तक यह लागू नहीं होगा तब तक आंदोलन जारी रहेगा। इसके साथ ही कर्मचारी संगठनों ने काले बिल्ले लगाकर विरोध जताते हुए कार्यालयों में कार्य किया।
अखिल भारतीय राज्य सरकारी कर्मचारी महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुभाष लांबा ने बताया कि ओपीएस को लागू कराने के लिए जल्द ही राष्ट्रव्यापी आंदोलन किया जाएगा। लांबा ने बयान जारी करके नाराजगी जताई कि वन नेशन, वन इलेक्शन के पैरोकार वन नेशन, वन पेंशन पर चुप क्यों हैं। इसका कारण बताया जाए। लांबा ने कहा कि ओपीएस और कर्मचारियों की अन्य लंबित मांगों को लेकर 16 और 17 अगस्त को राष्ट्रीय कार्यसमिति की महत्वपूर्ण बैठक दिल्ली में आयोजित होगी। इसी राष्ट्रीय कार्यकारिणी की बैठक में विभिन्न राज्यों के कर्मचारी संगठन आगामी आंदोलन की रणनीति तय करेंगे।