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Chandigarh-Haryana News: वोट चोरी के आरोप में नारेबाजी करते हुए सड़क से सदन तक पहुंचे कांग्रेसी

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- सदन की कार्रवाई से पहले कांग्रेस विधायकों के नारेबाजी करने पर भाजपा विधायकों ने भी लगाए नारे
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- सीएम सैनी ने सदन में आने पर भाजपा विधायकों को शांत कराया

अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। मानसून सत्र की शुरुआत से पहले सोमवार को कांग्रेस विधायकों ने हाईकोर्ट चौक से विधानसभा तक वोट चोरी के आरोप में चुनाव आयोग और भाजपा के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पैदल मार्च किया। कांग्रेसी विधायकों ने सदन में सत्र शुरू होने तक नारेबाजी की। इस पर सदन में मौजूद भाजपा के विधायकों ने भी नारेबाजी शुरू कर दी। तभी सदन में पहुंचे मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने भाजपा विधायकों को शांत करवाया। इसके बाद कांग्रेस विधायकों ने भी नारेबाजी बंद कर दी।

कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष चौधरी उदयभान और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के नेतृत्व में विधायक जब नारेबाजी करते हुए विधानसभा पहुंचे तो एंट्री गेट पर चंडीगढ़ पुलिस से उनकी तीखी बहस भी हुई।
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भाजपा जीती नहीं, कांग्रेस की सरकार चुराई है: हुड्डा

विधानसभा के बाहर मीडिया से बातचीत में पूर्व सीएम हुड्डा ने कहा कि सांसद राहुल गांधी के खुलासे से साफ हो गया है कि हरियाणा में भाजपा जीती नहीं बल्कि उसने कांग्रेस की सरकार चुराई है। चुनाव आयोग अपनी साख गंवा चुका है और हरियाणा में उसने पूरी तरह भाजपा के इशारे पर काम किया। यही वजह है कि प्रदेश में जो वोटिंग 1 अक्तूबर को होनी थी, वो 5 अक्तूबर को हुई। उस समय भी कांग्रेस ने चुनाव आयोग की मंशा और कार्यशैली पर संदेह जताते हुए चुनाव की तारीख स्थगित करने का विरोध जताया था।

हुड्डा ने कहा कि एग्जिट पोल में कांग्रेस की जीत दिखाने के बावजूद मुख्यमंत्री ने 7 अक्तूबर प्रेसवार्ता करके कहा कि जीत के लिए सभी व्यवस्थाएं की जा चुकी हैं। इससे पहले, वोटिंग के 50 घंटे बाद भी दो-तीन बार अलग-2 समय पर डाटा की बदली हुई और परिणाम से मात्र 12 घंटे पहले, वोटों में अचानक से 2.5 फीसदी की वृद्धि दिखाई गई। इसके बारे में जिलेवार और विधानसभा वार डाटा करण सिंह दलाल की अध्यक्षता वाली जांच समिति की रिपोर्ट में रखा गया है।
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इसी तरह काउंटिंग के दौरान कई ईवीएम में 99 फीसदी बैटरी चार्ज मिली थीं। इनकी शिकायत चुनाव आयोग से करने के बावजूद नजरअंदाज किया गया। रानियां में कोर्ट के आदेश के बाद दोबारा गिनती करने की जगह आयोग ने ईवीएम का डाटा ही डिलीट कर डाला। हुड्डा ने कहा कि राहुल गांधी से हलफनामा मांगने वाले चुनाव आयोग को पहले खुद हलफनामा देना चाहिए। चुनाव आयोग लिखकर दे कि कहीं भी फर्जी वोटर या एक-एक आदमी के दो-दो वोट नहीं है तो कांग्रेस उसको अनगिनत सबूत देने के लिए तैयार है।
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