राज्यसभा सांसद सुभाष बराला के बेटे विकास पर पूर्व आईएएस की बेटी का पीछा करने व अपहरण के प्रयास का दर्ज है मामला
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा सरकार अपने एक आदेश की वजह से घिर गई है। राज्य सरकार ने राज्यसभा सांसद सुभाष बराला के बेटे विकास बराला को दिल्ली के एडवोकेट जनरल दफ्तर में सहायक महाधिवक्ता (एएजी) नियुक्त किया है। विकास व उनके दोस्त पर चंडीगढ़ में साल 2017 में आईएएस अधिकारी वीएस कुंडू की बेटी आरजे वर्णिका कुंडू का कथित तौर पर पीछा करने और अपहरण का प्रयास करने का मामला दर्ज हुआ था। यह केस अभी चंडीगढ़ की अदालत में चल रहा है। मामले की अगली सुनवाई दो अगस्त को होनी है। उधर, विकास की नियुक्ति पर विपक्ष ने राज्य सरकार पर सवाल उठाए हैं।
हरियाणा सरकार ने पिछले सप्ताह 95 से अधिक विधि अधिकारियों की सहायक महाधिवक्ता, उप महाधिवक्ता, वरिष्ठ उप महाधिवक्ता और अतिरिक्त महाधिवक्ता के रूप में नियुक्तियां की थी। इसमें सुभाष बराला के बेटे विकास बराला का भी नाम शामिल है। हालांकि इस मामले में न तो राज्य सरकार ने कोई टिप्पणी की और न सुभाष बराला ने। विकास बराला और उनके दोस्त आशीष के खिलाफ 2017 में एफआईआर दर्ज की गई थी। अभी वे जमानत पर हैं। उनके खिलाफ हरियाणा के एक वरिष्ठ नौकरशाह वीएस कुंडू (अब सेवानिवृत्त) की बेटी ने एफआईआर दर्ज कराई थी। यह मामला राष्ट्रीय स्तर पर भी सुर्खियों में रहा था। इस मामले में विकास बराला पांच महीने तक चंडीगढ़ की बुड़ैल जेल में बंद रहे थे।
सेवानिवृत्त न्यायाधीश की कमेटी ने सिफारिश की थी
विकास व अन्य विधि अधिकारियों की नियुक्ति की अधिसूचना 18 जुलाई को जारी हुई थी। नियुक्तियों के लिए विज्ञापन भी निकाला गया था। सूत्रों के अनुसार विकास की नियुक्ति की सिफारिश उच्च न्यायालय के दो सेवानिवृत्त न्यायाधीशों वाली स्क्रीनिंग कमेटी ने की थी। हालांकि आवेदक को यह बताना जरूरी होता है कि उनके खिलाफ कोई मामला दर्ज किया गया है या नहीं।
विपक्ष ने उठाए सवाल
इनेलो के विधानसभा में विधायक दल के नेता आदित्य देवीलाल ने आरोप लगाया कि एडवोकेट जनरल के दफ्तर में जो नियुक्तियां की गई हैं, उनमें 35 से ज्यादा भाजपा नेताओं के रिश्तेदार हैं। वहीं, कई लोग प्रदेश के बाहर के हैं और इसमें विकास बराला भी शामिल है। विकास पर लड़की का पीछा करने का आरोप है। प्रदेश के लगभग ढाई हजार लोगों ने आवेदन किया था। उन सभी को खारिज करके भाजपा सरकार को सिर्फ अंडर ट्रॉयल विकास बराला, भाजपा नेताओं के रिश्तेदार और हरियाणा से बाहर के लोग ही योग्य मिले हैं? उन्होंने कहा कि वे मांग करते हैं कि इन सभी की नियुक्ति रद्द की जाए। और जिन्होंने आवेदन किए हैं उनमें से योग्य लोगों को पारदर्शी तरीके से नियुक्त किया जाए।