सिवानी की सड़क पर जमा बारिश का पानी।
भिवानी। जिले में लगातार दूसरे दिन इंद्रदेव की मेहरबानी देखने को मिली। मंगलवार को सुबह से दोपहर तक आसमान में बादलों का डेरा बना रहा और दोपहर बाद हल्की बूंदाबांदी शुरू हो गई। कुछ क्षेत्रों में तेज बारिश भी देखने को मिली। बारिश के चलते अधिकतम तापमान में करीब दो डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। इससे किसानों को राहत मिली।
मौसम विभाग और कृषि विशेषज्ञों के अनुसार इस समय की बारिश किसानों के लिए बेहद लाभकारी साबित हो रही है। इससे कपास व खरीफ की अन्य फसलों को संजीवनी मिली है। साथ ही कीट और रोगों के संक्रमण में भी कमी आई है, जो उमस भरे मौसम में बढ़ जाते हैं।
खेतों में बढ़ी हलचल, किसानों ने तेज की खरीफ फसलों की बिजाई
बारिश के बाद भिवानी जिले में किसान कपास की बिजाई के बाद अब बाजरा व अन्य खरीफ फसलों की बिजाई में जुट गए हैं। प्री-मानसून से पहले मिली यह बारिश किसानों के लिए राहत लेकर आई है। मंगलवार को अधिकतम तापमान 33.7 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26.3 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। वहीं सोमवार को बारिश के बाद तापमान 36 डिग्री था, जबकि मई-जून में तापमान 45 डिग्री तक पहुंच गया था। कृषि विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि वे मौसम के पूर्वानुमान के अनुसार फसल बिजाई की तैयारियों को पूरा करें, ताकि बाद में किसी तरह की दिक्कत का सामना न करना पड़े।
आसमान में छाई रही काली घटाएं, बिजली गुल होने से बढ़ी उमस
मंगलवार को सुबह से ही आसमान में काली घटाएं छाई रहीं, जिससे धूप केवल कुछ देर के लिए ही नजर आई। दोपहर बाद शुरू हुई हल्की बारिश का सिलसिला देर तक जारी रहा। हालांकि पानी की निकासी सामान्य रूप से होती रही, लेकिन कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित रहने से लोगों को उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ा। मौसम विभाग के अनुसार अगले सप्ताह से प्री-मानसून की विधिवत दस्तक हो सकती है और इस बार औसत से अच्छी बारिश होने की संभावना जताई जा रही है।