भिवानी। लंबे समय से पानी की समस्या से परेशान शहर वासियों को अब राहत मिलने वाली है। सिंचाई विभाग द्वारा जूई नहर में शहर के जलघरों को भरने के लिए पानी छोड़ा गया है। वीरवार को पानी शहर के जलघरों में पहुंच चुका है। शुक्रवार से विभाग के शेड्यूल के अनुसार शहर में पानी की सप्लाई शुरू होगी। हालांकि पेयजल समस्या के चलते सिंचाई विभाग द्वारा तय समय से एक दिन पहले नहर में पानी छोड़ा गया है। जिससे लोगों को गर्मी में पानी की समस्या से राहत मिलेगी।
जिले में पिछले 15 दिनों से भयंकर पेयजल समस्या बनी हुई है। पीने के पानी के लिए लोगों को टैंकरों, कैंपरों से पानी खरीदकर पीना पड़ रहा है। पानी के लिए आए दिन लोगों द्वारा सड़कों पर जाम लगाए जा रहे हैं। इस कारण जनस्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों की भी समस्या बढ़ी हुई है। अब सिंचाई विभाग द्वारा जूई नहर में जलघरों व जोहड़ों के लिए पानी छोड़ा गया है।
विभाग द्वारा पानी छोड़ने का निर्धारित शेड्यूल 23 मई को बनाया गया था। लेकिन बढ़ती पेयजल समस्या को देखते हुए एक दिन पहले पानी छोड़ा गया है। जिससे वीरवार को टैंकों में पानी जमा होने पर शुक्रवार से काॅलोनियों में पानी की सप्लाई शुरू हो सकेगी। वहीं, शुक्रवार से नहरों में पानी की मात्रा बढ़ाई जाएगी। हालांकि टैंकों में पानी बिलकुल खत्म हो चुका था। लोगों को पानी के लिए टैंकरों व ट्यूबवेल का सहारा लेना पड़ रहा था।
सिंचाई के लिए नहीं मिलेगी पानी
पानी की समस्या के चलते किसानों को इस बार सिंचाई के लिए पानी नहीं मिलेगा। सिंचाई विभाग ने खेतों में सिंचाई के लिए नहरों में लगाई गई मोरियों को बंद कर दिया है। इस कारण किसानों को पानी के लिए ट्यूबवेलों के सहारे ही रहना पड़ेगा। नहरों में शुक्रवार से पानी की मात्रा बढ़ने पर जलघर के टैंकों व जोहड़ों में ही पानी भरा जाएगा। मानसून के आने तक यह समस्या बनी रह सकती है।
ग्रामीण क्षेत्रों में सूख चुके हैं जलघरों के टैंक
पेयजल की समस्या शहरों के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी बनी हुई है। ग्रामीण क्षेत्र में लगभग 15 दिन पहले ही जलघरों के टैंक सूख चुके हैं। जिससे ग्रामीण क्षेत्र में भी पीने के पानी को लेकर ग्रामीणों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। लोगों को हैंडपंपों के सहारे पीने के पानी का काम चलाना पड़ रहा है। वहीं जोहड़ों में पानी न होने पर भी ग्रामीणों को अपने पशुओं को पानी पिलाने की समस्या बनी हुई है। अब नहर में पानी आने के बाद लोगों को राहत मिलेगी।
सबसे ज्यादा बाहरी कॉलोनियों में लोगों को बनी है पानी की समस्या
शहर के बाहरी दायरे की कॉलोनियों के अंदर पीने के पानी को लेकर हालात लगातार बिगड़ रहे हैं। जिला प्रशासन भी अधिकारियों की बैठकें लेकर समुचित पेयजल मुहैया कराने का दावा कर रहा है, लेकिन धरातल पर लोग पीने के पानी के लिए भी गर्मी के अंदर दिनभर दौड़-धूप करने को मजबूर हैं। पानी के टैंकर के लिए भी उन्हें सात सौ से एक हजार रुपये खर्च करने पड़ते हैं। जबकि कई जगह तो टैंकर के लिए भी 1200 रुपये वसूले जा रहे हैं।
वीरवार को जूई नहर में पानी छोड़ा गया है। टैंकों में पानी जमा होने पर शेड्यल बनाकर शुक्रवार से शहर में पेयजल की सप्लाई शुरू की जाएगी। अगले तीन से चार दिनों में लोगों को पानी की समस्या से निजात मिल जाएगी।
-सूर्यकांत, कार्यकारी अभियंता, शहरी पेयजल शाखा भिवानी।