भिवानी। ऑपरेशन ट्रैक डाउन के तहत अब तक हरियाणा में करीब एक हजार संगठित अपराधियों को पकड़ा जा चुका है जबकि भिवानी जिले में 23 अपराधियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। सोमवार को पुलिस अधीक्षक सुमित कुमार ने बताया कि इसी क्रम में जिले के गांव रिवासा के तीन बदमाश—विशांत, ओमबीर और योगेश को अवैध हथियारों सहित दबोचा गया है। पुलिस ने इनके पास से दो पिस्तौल, चार मैग्जीन और चार जिंदा कारतूस बरामद किए हैं।
एसपी ने बताया कि ये आरोपी मध्य प्रदेश से हथियार लेकर आए थे। वहां के सप्लायर तक पहुंचने के लिए भिवानी पुलिस की टीम भी भेज दी गई है। वहीं एक अन्य कार्रवाई में तोशाम क्षेत्र के पुराने संगठित अपराध मामले में सोनू (पिंजोखरा) और विकास (गारनपुरा) को भी गिरफ्तार किया गया है। तीसरे मामले में राजस्थान के चुरू से फिरौती मामले में लक्ष्मण को पहले ही काबू किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि संगठित अपराध को लेकर हरियाणा पुलिस पूरी तरह संजीदा है। विदेशों से फोन करके डराने-धमकाने वाले अपराधियों की अब हरियाणा में घुसने की हिम्मत नहीं है। उनका दायरा सिर्फ फोन तक सीमित रह गया है और इस पर भी जल्द अंकुश लगाया जाएगा।
सुमित कुमार ने बताया कि सोशल मीडिया पर हथियारों का प्रदर्शन करने वालों पर अब न केवल आर्म्स एक्ट के तहत सख्त कार्रवाई होगी बल्कि लाइसेंसी हथियार भी तुरंत जब्त किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिले में संगठित अपराध के लिए अब कोई जगह नहीं बची है। बदमाशों को या तो हरियाणा छोड़ना होगा या जेल की कालकोठरी में जाना होगा।
एसपी ने युवाओं से अपील की कि वे अपराधियों से दूरी बनाएं और किसी भी तरह की अवैध गतिविधियों से जुड़े लोगों की सूचना तुरंत पुलिस को दें। उन्होंने कहा कि युवाओं के आदर्श शहीद भगत सिंह, नेताजी सुभाष चंद्र बोस, भारतीय सेना, प्रदेश के खिलाड़ी और किसान होने चाहिए, ताकि वे राज्य और देश का गौरव बढ़ा सकें।
जिले में अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं है। या तो अपराधी अपराध छोड़ दें या जिला छोड़ दें। जिला पुलिस भविष्य में भी संगठित अपराध करने वालों और अन्य आरोपियों के विरुद्ध प्रभावी कानूनी कार्रवाई करती रहेगी। आम जनता से भी अपील है कि वे किसी भी तरह के आपराधिक तत्वों से कोई वास्ता न रखें और ऐसे लोगों की सूचना तत्काल पुलिस को दें। - सुमित कुमार, पुलिस अधीक्षक, भिवानी