ढिगावा मंडी। बिजली विभाग के एसडीओ नारायण प्रकाश ने वीरवार को गांव पहाड़ी में आयोजित बैठक के दौरान ग्रामीणों को प्रधानमंत्री मुफ्त सोलर बिजली योजना की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस योजना का उद्देश्य उपभोक्ताओं को कम खर्च में सोलर ऊर्जा से जोड़कर बिजली बिल से राहत देना है। पात्र उपभोक्ता इस योजना का लाभ लेकर जीवनभर बिजली खर्च से काफी हद तक मुक्त हो सकते हैं।
जिन बीपीएल परिवारों की वार्षिक बिजली खपत 24 हजार यूनिट से कम है और परिवार की सालाना आय 1 लाख 80 हजार रुपये से कम है, वे इस योजना के पात्र हैं। ऐसे उपभोक्ताओं को 2 किलोवाट तक के सोलर लोड पर अधिकतम 1 लाख 10 हजार रुपये तक की सब्सिडी मिल सकती है। बीपीएल परिवारों को केंद्र और हरियाणा सरकार दोनों की ओर से सब्सिडी प्रदान की जाएगी। गैर-बीपीएल परिवार भी योजना का लाभ ले सकते हैं, बशर्ते उनकी वार्षिक आय 1 लाख 80 हजार रुपये से कम हो। गैर-बीपीएल पात्र उपभोक्ताओं को केवल केंद्र सरकार की ओर से सब्सिडी दी जाएगी, जो अधिकतम 78 हजार रुपये तक होगी।
लोड के अनुसार दी जाएगी सब्सिडी :
एसडीओ ने स्पष्ट किया कि सब्सिडी सोलर लोड के अनुसार दी जाएगी। 1 किलोवाट पर 30 हजार रुपये, 2 किलोवाट पर 60 हजार रुपये और 3 किलोवाट या उससे अधिक के लोड पर अधिकतम 78 हजार रुपये की सब्सिडी मिलेगी। सोलर पैनल लगने के बाद उपभोक्ताओं के बिजली बिल में बड़ी राहत मिलेगी।
कैसे ले योजना का लाभ
योजना का लाभ लेने के लिए उपभोक्ताओं को सबसे पहले नजदीकी सीएससी सेंटर पर जाकर प्रधानमंत्री मुफ्त सोलर बिजली योजना के तहत ऑनलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन के बाद उपभोक्ता अपनी पसंद की अधिकृत सोलर कंपनी का चयन कर सकता है। इसके पश्चात आवश्यक दस्तावेज जमा कर सोलर पैनल लगवाने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।