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नप के पांच सालों के कार्यों की होगी विजिलेंस जांच

Sat, 02 Jan 2016 01:10 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला भिवानी
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भिवानी। नगर परिषद के वर्तमान पार्षदों के कार्यकाल की अंतिम आम बजट सांसद की मौजूदगी में विशेष बन गई। सांसद ने पिछले पांच सालों में नप की ओर से कराये गए विकास कार्यों की विजिलेंस जांच कराने और एडीसी को दो माह में रिपोर्ट देने के निर्देश दिए। साथ ही शहर में नप की जगह की अवैध कब्जों की रिपोर्ट और कब्जे हटवाकर इसकी रिपोर्ट देने के लिए एडीसी की जिम्मेदारी तय की गई। बैठक में शहर में पांच करोड़ की लागत से कम्यूनिटी सेंटर बनाने की भी घोषणा हुई।
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शुक्रवार को नगर परिषद की आम बैठक दोपहर करीब साढ़े 12 बजे शुरू हुई। पहली बार सांसद धर्मबीर नप की बैठक में शिरकत करने पहुंचे। बैठक में बेहतर व्यवस्था के लिए सांसद ने अपने सुझाव दिए तो भ्रष्टाचार रोकने के लिए विजिलेंस इंक्वायरी, एडीसी से जांच के भी निर्देश दिए। सबसे पहले अवैध कब्जों का मामला उठा और सांसद ने अवैध कब्जों की रिपोर्ट दो माह में देने के लिए एडीसी को अधिकृत किया। सांसद ने बताया कि सड़कों को लेकर बहुत शिकायतें है। बनी हुई गलियों को दोबारा पास करवाया जा रहा है, घटिया क्वालिटी, ठेके छोड़े जाने में घपले हो रहे है। इसकी विजिलेंस जांच करवाई जाएगी। सांसद ने बताया कि प्रॉपर्टी टैक्स आता है चार हजार, लोग एक हजार भरते है और कुछ यहां के लोगों की जेब में डालते है और मामला खत्म। नक्शे की फाइल क्यों अटकी हुई है। इसका नहीं पता। इसकी भी जांच करवाई जाएगी। सांसद ने स्ट्रीट लाइटों के कनेक्शन काटे जाने की समस्या पर मौके पर ही विभाग अधिकारियों से बातचीत की और मीटर व्यवस्था नहीं होने तक कनेक्शन नहीं काटने के निर्देश  दिए। बैठक में अनेक सड़कों और फुटपाथों के बारे में भी विचार-विमर्श किया गया। बैठक में चेयरमैन भवानी प्रताप, विजय पंचगावा, मामनचंद, विरेंद्र टोनी, शिव कुमार, नरेंद्र, बृजपाल, बिल्लू बादशाह, विजय कुमार, शीला गौरा, उमाकांत भोली, नप सचिव संजय यादव, एमई रामफल, जेई सौहार्द आदि मौजूद रहे।
मेरे पास भी आ रही शिकायतें
सांसद धर्मबीर के मुताबिक सड़कों का ठेका पहले दिया जाता है तो माइनस में रहता है और बाद में रद कर दोबारा देते है तो बजट से काफी अधिक जाता है। इसके अलावा पहले से बनी हुई सड़कों को ही दोबारा पास किया जाता है। दो दिन पहले बनी सड़क ही टूट रही है। इस तरह की शिकायतें उनके पास खूब आ रही हैं।
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ये लिए गए फैसले
* अवैध कब्जों की रिपोर्ट बनाकर दो माह में देने के लिए एडीसी की जिम्मेवारी लगाई गई।
* सभी पार्षदों को उनके वार्डों की नप की जमीन की रिपोर्ट दी जाए।
* प्रॉपर्टी टैक्स, नक्शों की गड़बड़ी की जांच करवाई जाए
* सड़कों की क्वालिटी, बिना तोड़े ही सड़क पर सड़क बनाने, एक सड़क बनने के बाद भी दोबारा पास कर गबन की विजिलेंस जांच। पिछले पांच सालों की विजिलेंस जांच
*  मीट मार्केट, डेयरियां शहर से बाहर शिफ्ट करने के लिए जगह तय कर प्रस्ताव सांसद को दिया जाए।
* कर्मचारियों को प्लॉट अलॉटमेंट के लिए जगह तलाशी जाए।
* सड़क, गलियों के निर्माण में बीएंडआर से निर्माण सामग्री की जांच करवाई जाए और उनकी ओके रिपोर्ट के बाद ही ठेकेदार को पेमेंट की जाए
* दो दिन में सभी पार्षद अपने अपने वार्डों की जरूरतें दे ताकि बजट की मांग की जा सके

पांच करोड़ से बनेगा शानदार कम्यूनिटी सेंटर
सांसद ने बताया कि शहर में कम्यूनिटी सेंटर बनाने के लिए पांच करोड़ रुपये का बजट है। जगह बताओ। जिसके बाद कुछ पार्षदों ने जैन चौक चौकी वाली जगह सुझाई। जिस पर सहमति बनी। सांसद ने कहा कि वहां शानदार कम्यूनिटी सेंटर के लिए मैप बनवाए। किसी प्राइवेट आर्किटेक्चर बेहतर मैप बनवाया जाए। जिसमें नीचे बेसमेंट में ही पार्किंग की सुविधा हो। कम्यूनिटी सेंटर ऐसा हो कि शहर की पहचान बने।
स्ट्रीट लाइट पर वर्तमान व पूर्व चेयरमैन आमने-सामने
बैठक में वर्तमान चेयरमैन भवानी प्रताप और पूर्व चेयरमैन विजय पंचगावा के बीच बहस भी हुई। बहल ट्रैफिक लाइटों के लिए थी। विजय पंचगावा ने कहा कि वे पिछले कुछ सालों से सुन रहे है कि इतने लाख की ट्रैफिक लाइटें खरीदी गई। उनके वार्ड में एक भी ट्रैफिक लाइट नहीं लगी। जिस पर वर्तमान चेयरमैन भड़क गए और कहा कि पिछले चार साल की रिपोर्ट निकलवाएंगे अनेक खुलासे हो जाएंगे। सांसद ने दोनों को शांत किया।
लावारिस पशुओं का मुद्दा गर्माया
नप की बैठक में सांड की टक्कर से स्कूल संचालक अत्तर सिंह यादव की मौत का मामला भी उठा और इन लावारिस पशुओं की व्यवस्था की मांग की। सांसद ने बताया कि ये जर्सी नस्ल के सांड़ बड़ी समस्या है। इसके लिए कोई सामूहिक फैसला लिया जाएगा। इन सांड़ के लिए अलग से गौ अभ्यारण्य केंद्र बनाने पर भी विचार होगा। फिलहाल जिले में दो गौ अभ्यारण्य केंद्र बनाए जाने है मगर कोई भी गांव इसके लिए जमीन नहीं दे रहा।
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