भिवानी। गांव बापोड़ा में मुस्लिम परिवार ने भी बेटी बचाओ की मुहिम से जुड़ते हुए बेटी के जन्म पर कुआं पूजन किया। महिलाओं ने मंगल गीत भी गाए। न केवल कुआं पूजन गांव में ग्रामीणों के लिए खाना भी किया और डीजे की थाप पर बेटी के जन्म का जश्र भी मनाया।
बापोड़ा गांव में लंबे समय से मुस्लिम परिवार दीनू खान अपने परिवार के साथ रहता है। दीनू खान के बेटे रफीक की पत्नी सोनिया ने 17 दिसंबर बेटी को जन्म दिया। हालांकि मुस्लिम समुदाय में कुआं पूजन की कोई रस्म नहीं होती। मगर इसके बावजूद ट्रैक्टर पर मजदूरी करने वाले रफीक ने बेटी के जन्म पर हुई खुशी को सभी के साथ मिलकर मनाने का निर्णय लिया। परिवार के सदस्यों से बातचीत के सभी ने परिवार में पहली बार बेटी के जन्म पर कुआं पूजन करने का फैसला किया। जिसके बाद परिवार ने अब बेटी के जन्म पर कुआं पूजन किया। गांव के हिंदू परिवारों को भी कार्यक्रम में शामिल किया। महिलाओं ने मंगल गीत गाए तो युवाओं, बच्चों सभी ने डीजे की धुन पर डांस कर बेटी के जन्म की खुशी मनाई। पिता बने रफीक ने बताया कि पूरा परिवार बेटी के जन्म से खुश था। मुस्लिम समुदाय में कुआं पूजन की कोई रस्म नहीं है मगर उन्होंने गांव में और टीवी पर बेटी के जन्म पर हिंदू परिवारों में कुआं पूजन होते देखा। उसने भी बेटी के जन्म की खुशी में कुआं पूजन करने का निर्णय लिया। बेटा-बेटी आज एक समान है। आज बेटियां भी परिवार का नाम रोशन करती है। बेटी के जन्म पर दादा दीनू खान, दादरी सरोज ने भी खुशी मनाई। ग्रामीणों ने भी मुस्लिम परिवार की इस पहल को काफी सराहा और बच्ची के जन्म पर बधाई दी।