भिवानी जिले में एक लाख 70 हजार से अधिक बीपीएल परिवार हैं। जिन्हें हर माह सरकारी राशन पर राशन मुहैया कराया जा रहा है। नवंबर में सरकार की तरफ से तीन किलो गेहूं के साथ दो किलो बाजरा वितरण का निर्णय लिया था, मगर अब ये निर्णय सरकार ने वापस ले लिया है। इसके बाद नवंबर में बीपीएल पात्र परिवारों को बाजरा मुफ्त में नहीं दिया जाएगा। केवल गेहूं ही दिया जाएगा। नवंबर में गेहूं का आवंटन भी देरी से हुआ है। जिसकी वजह से फिलहाल गेहूं की सप्लाई भी अभी डिपो पर पहुंचाई जा रही है। जबकि नवंबर में अभी तक बीपीएल पात्र परिवारों को 20 रुपये में दो लीटर मिलने वाला सरसों तेल और साढ़े 13 रुपये में एक किलो चीनी भी नहीं दी गई है।
अधिकारियों की मानें तो अभी तक इनका आवंटन ही मुख्यालय से नहीं हुआ है। ऐसे में दिवाली पर बीपीएल पात्र परिवारों के घर सरसों का तेल दीये में नहीं जल पाएगा। बाजार में सरसों तेल के भाव आसमान छू रहे हैं। त्योहार पर सरसों तेल भी काफी महंगा बिक रहा है। ऐसे में बीपीएल परिवारों को उम्मीद थी कि सरकारी राशन डिपो के तेल से दीये जलकर घर को रोशन करेंगे। लेकिन आवंटन में हुई देरी ने बीपीएल परिवारों की दिवाली में चीनी की मिठास और तेल की कमी से दीये में तेल गायब कर दिया है।
भिवानी जिले में गेहूं का आवंटन हो चुका है। सरकारी डिपो पर सप्लाई जारी है। नवंबर का सरसों तेल और चीनी का आवंटन अभी नहीं हुआ है। 25 नवंबर तक दोनों का ही आवंटन और वितरण होने की उम्मीद है। नवंबर में बीपीएल परिवारों को बाजरा नहीं मिलेगा, पहले की भांति उन्हें आवंटित गेहूं ही दिया जाएगा।
-मुकेश कुमार, सहायक खाद्य एवं आपूर्ति अधिकारी भिवानी।