भिवानी। डीसी साहिल गुप्ता ने पंचायत और कृषि विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि एग्रीस्टैक योजना के तहत किसानों की यूनिक आईडी तैयार करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। डीसी ने कहा कि इस आईडी के माध्यम से किसानों को उनके कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पारदर्शिता और सुगमता के साथ सीधे प्राप्त होगा। अधिकारियों और कर्मचारियों को चाहिए कि वे केवल आईडी बनाना ही नहीं बल्कि किसानों को इसके लाभों की भी जानकारी दें।
डीसी गुप्ता ने बताया कि सरकार के निर्देशानुसार जिले में एग्रीस्टैक के नाम से किसानों की यूनिक आईडी बनाने का अभियान शुरू हो चुका है। इस डिजिटल कृषि इको-सिस्टम के तहत किसानों का पंजीकरण कर उन्हें डिजिटल रूप से सशक्त बनाया जा रहा है। एग्रीस्टैक के माध्यम से किसानों का एक समग्र और विश्वसनीय डेटाबेस तैयार होगा जिसमें किसान की पहचान, भूमि रिकॉर्ड, फसल विवरण, आय, ऋण और बीमा इतिहास जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां शामिल होंगी।
डीसी ने पंचायत और कृषि विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे दिए गए शेड्यूल के अनुसार गांवों में जाकर किसानों की यूनिक आईडी बनवाएं। एग्रीस्टैक के तहत प्रत्येक किसान को यह यूनिक आईडी प्रदान की जाएगी, जिसके जरिए पीएम-किसान, फसल बीमा, कृषि ऋण, सब्सिडी और अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ प्रत्यक्ष लाभ अंतरण के माध्यम से सीधे उनके बैंक खाते में पहुंचाया जाएगा।