नगर परिषद ने इस साल कई उतार-चढ़ाव देखे। नगर परिषद में विकास कार्याें के लिए करीब 40 करोड़ के बजट को मंजूरी मिली। अधिकतर विकास कार्य अब तक पूरे नहीं हो पाए हैं। इन्हें अगले साल ही पूरा कराया जाएगा। शहर की सफाई का बड़ा मसौदा भी अब अगले साल के लक्ष्य पर रहेगा। वहीं पार्कों के जीर्णोंद्धार, घर-घर कूड़ा उठान का मामला इस साल सिरे चढ़ गया।
भिवानी नगर परिषद का गठन पिछले साल जुलाई में हुआ था। जिसके बाद से ही नगर परिषद में कई अधिकारियों के तबादले हुए और फिर विकास कार्यों की फाइलें एक टेबल से दूसरे टेबल तक पहुंची। कई महीनों के इंतजार के बाद शहर में घर-घर कूड़ा उठान का टेंडर हुआ फिर पूरे शहर से कूड़ा उठान और निस्तारण के लिए ठोस कचरा प्लांट भी लग गया। इसी साल नगर परिषद सदन ने कई विकास मसौदों पर भी मोहर लगाई और उसे सरकार के समक्ष मंजूरी के लिए भेजा। मगर इन पर कछुआ चाल बनी रही। शहर में करीब छह करोड़ से 513 किलोमीटर दायरे में सफाई का टेंडर नहीं लग पाया। इसी तरह शहर के सरकुलर रोड और माल गोदाम रोड के सुंदरीकरण और शहर के सभी एंट्री प्वाइंटों पर प्रवेश द्वार लगाने का मसौदा भी मुख्यालय भेजा गया। इन दोनों ही मसौदों पर अब मुख्यालय से मंजूरी मिलने का इंतजार है।
शहर के किरोड़ीमल पार्क में करीब पौने दो करोड़ से जीर्णोंद्धार का काम शुरू हो गया है। इसी तरह करीब 15 करोड़ से पार्कों के रखरखाव और मरम्मत का काम भी चल रहा है। गलियों के निर्माण का काम भी चल रहा है।
इस साल शहरी दायरे की एक भी कॉलोनी अधिकृत नहीं हुई
साल भर अधिकारियों ने नगर परिषद की 53 अनधिकृत कॉलोनियों को अधिकृत कराने के लिए कई बार मुख्यालय की सीढि़यां नापी। फाइलों में लगी आपत्तियों को भी कई बार दूर कराया फिर भी शहरी दायरे की एक भी कॉलोनी अधिकृत नहीं हुई। अब फिर से 26 अनधिकृत कॉलोनियों को अधिकृत किए जाने का मसौदा मुख्यालय भेजा हुआ है। अनधिकृत कॉलोनियों में सरकारी योजनाओं और नगर परिषद के बजट से विकास कार्य कराना संभव नहीं है। अधिकृत होने के बाद इन कॉलोनियों में भी विकास के नए विकल्प खुलेंगे।
नगर परिषद ने इस साल करीब 40 करोड़ से अधिक बजट के विकास कार्य कराए हैं, इनमें से कई विकास कार्यों पर काम अभी चल रहा है। नगर परिषद का नए साल में लक्ष्य शहर के 513 किलोमीटर दायरे में सफाई की व्यवस्था कराना और प्रत्येक एंट्री प्वाइंट पर भव्य प्रवेश द्वार का निर्माण कराना रहेगा। इसके अलावा शहर के सरकुलर रोड सहित घंटाघर से सराय चौपटा और घंटाघर से रेलवे स्टेशन तक के मार्ग के सुंदरीकरण का मसौदा भी मुख्यालय भेजा हुआ है। जिसे जल्द मंजूरी मिलेगी।
-भवानी प्रताप सिंह, चेयरपर्सन प्रतिनिधि, नगर परिषद भिवानी।