भिवानी। भिवानी की अनाज मंडी में अब तक 1.76 लाख क्विंटल गेहूं की आवक हो चुकी है, लेकिन चौथे दिन भी गेहूं की सरकारी खरीद नहीं हो पाई। वहीं करीब चार हजार क्विंटल गेहूं का मंडी से उठान हुआ। वहीं भिवानी की चारामंडी मेें वीरवार को 8,899 क्विंटल सरसों की आवक हुई और 514 किसानों के गेट पास काटे गए। सरकारी खरीद एजेंसी ने 677 किसानों का 11 हजार 299 क्विंटल सरसों की सरकारी खरीद कराई। वहीं छह हजार क्विंटल सरसों का भी उठान हुआ।
अभी भी भिवानी मंडी में करीब सवा चार लाख क्विंटल से अधिक सरसों उठान बगैर पड़ी हैं, जिसकी वजह से पिछले एक पखवाड़े से किसान भुगतान के लिए चक्कर लगा रहे हैं। वहीं सरसों का मंडी में उठान भी धीमा चल रहा है। वहीं भिवानी की अनाज मंडी में अब तक 2516 किसानों के गेट पास काटे जा चुके है। मंडी में फसल रखने की जगह भी नहीं बची है। वहीं मौसम भी बार बार करवट बदल रहा है। इसी को लेकर खरीद एजेंसी के अधिकारी भी उधेड़बून में हैं।
भिवानी जिले की नौ मंडियों में गेहूं और सरसों की सरकारी खरीद हो रही है। अधिकारियों की मानें तो जिले भर में 6,61,300 क्विंटल गेहूं की आवक हो चुकी है। वहीं अब तक मंडियों से 1,94,630 क्विंटल गेहूं का उठान भी हुआ है। खाद्य आपूर्ति विभाग किसानों की फसल खरीद में अब तक करीब 22 करोड़ का भुगतान कर चुकी है। वहीं हैफेड ने भी नौ करोड़ 96 लाख का भुगतान किसानों के खाते में डाला है। इसी तरह हरियाणा वेयर हाउस भी 36 करोड़ 39 लाख रुपये का भुगतान कर चुकी है।
मंडियों में सरसों की आवक और खरीद तेज होने के बावजूद उठान बेहद धीमा है, जिसकी वजह से लाखों क्विंटल सरसों की ढेरियां अभी भी खुले में पड़ी हैं। जिला मुख्यालय की मंडी में चार दिनों से गेहूं की खरीद नहीं होने से भी किसानों की परेशानी बढ़ी हैं। किसानों का कहना है कि मंडी में तीन दिन से फसल के साथ डटे हैं। सरकार 72 घंटे में भुगतान का दावा कर रही हैं, मगर अभी तक उनकी फसल तीन दिन से खरीद ही नहीं हुई है तो भुगतान कब तक होगा।
भिवानी मंडी में वीरवार को गेहूं की खरीद नहीं की गई है। शुक्रवार को भी खरीद मौसम पर निर्भर रहेगी। अब तक मंडी से करीब 55 हजार क्विंटल गेहूं का उठान कराया जा चुका है। इसके बाद संबंधित किसानों के खातों में इसका भुगतान भी करा दिया है।
-खाद्य निरीक्षक उमेद सिंह, इंचार्ज, सरकारी खरीद एजेंसी भिवानी मंडी।