भिवानी। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड 10वीं के घोषित नतीजे में छात्राओं ने छात्रों के मुकाबले 3 फीसदी अधिक परीक्षा परिणाम के साथ सफलता की छलांग लगाई है। 10वीं के नियमित परीक्षार्थियों का परीक्षा परिणाम 92.49 प्रतिशत रहा। स्वयंपाठी का 73.98, मुक्त विद्यालय फ्रैश श्रेणी का 15.79 और री-अपीयर का 70.23 फीसदी नतीजा घोषित किया गया।
हरियाणा बोर्ड ने शनिवार दोपहर 10वीं के नतीजे जारी कर दिए। 10वीं की नियमित परीक्षा में 2,71,499 परीक्षार्थी शामिल हुए थे। इनमें से 2,51,110 उत्तीर्ण हुए और 5,737 परीक्षार्थियों का परिणाम (ईआर) एसेंशियल रिपीट रहा। अर्थात ऐसे परीक्षार्थियों को परीक्षा में फिर से बैठने की आवश्यकता होगी। इस परीक्षा में 1,29,249 शामिल छात्राओं में से 1,21,566 पास हुईं। इनकी पास प्रतिशतता 94.06 रही, जबकि 1,42,250 छात्रों में से 1,29,544 पास हुए। इनकी पास प्रतिशतता 91.07 रही। इस प्रकार छात्राओं ने छात्रों से 02.99 फीसदी ज्यादा पास प्रतिशतता दर्ज की।
10वीं की परीक्षा में राजकीय विद्यालयों की पास प्रतिशतता 89.30 रही। निजी विद्यालयों की पास प्रतिशतता 96.28 रही है। इस परीक्षा में ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों की पास प्रतिशतता 92.35 रही है, जबकि शहरी क्षेत्र के विद्यार्थियों की पास प्रतिशतता 92.83 रही है। पास प्रतिशतता में जिला रेवाड़ी प्रथम, चरखी दादरी दूसरे और महेंद्रगढ़ तीसरे पायदान पर रहा, जबकि नूंह जिला सबसे निचले पायदान पर रहा। 10वीं के स्वयंपाठी परीक्षार्थियों का परिणाम 73.08 प्रतिशत रहा है। इस परीक्षा में 3,243 परीक्षार्थी शामिल हुए, जिनमें से 2,370 पास हुए।
10वीं के मुक्त विद्यालय का 15. 79 फीसदी रहा परीक्षा परिणाम
10वीं की मुक्त विद्यालय वार्षिक परीक्षा-2025 (फ्रैश, री-अपीयर, अंक सुधार, अतिरिक्त विषय एवं मर्सी चांस) विषय परीक्षा का परिणाम जारी हुआ है। 10वीं मुक्त विद्यालय (फ्रैश) की परीक्षा में 7,554 परीक्षार्थी शामिल हुए थे, जिनमें से 1,193 परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए, जिनकी पास प्रतिशतता 15.79 रही। इस परीक्षा में 4,714 छात्र बैठे थे, जिनमें से 688 पास हुए, इनकी पास प्रतिशतता 14.59 रही है, जबकि 2,840 शामिल छात्राओं में से 505 पास हुईं। इनकी पास प्रतिशतता 17.78 रही है। 10वीं मुक्त विद्यालय (री-अपीयर) का परिणाम 70.23 फीसदी रहा। इस परीक्षा में 5,596 परीक्षार्थी शामिल हुए थे, जिनमें से 3,930 परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए।
20 दिन में पुनर्मूल्यांकन के लिए कर सकते हैं आवेदन
इन परीक्षा परिणामों के आधार पर जो परीक्षार्थी अपनी उत्तरपुस्तिकाओं की पुन: जांच अथवा पुनर्मूल्यांकन करवाना चाहते हैं, तो वे निर्धारित शुल्क सहित परिणाम घोषित होने की तिथि से 20 दिन तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इस अवधि में ही ऑनलाइन आवेदन स्वीकार होंगे।
गणित में 10 अंक मिले ग्रेस मार्क्स
बोर्ड सचिव डॉ. मुनीष नागपाल ने बताया कि अभिभावकों और विद्यार्थियों की गणित में बाहर से प्रश्न पूछे जाने की शिकायतें आईं थी। इसके मद्देनजर विषय विशेषज्ञों की कमेटी का गठन किया गया था। कमेटी के निर्णय के आधार पर 10वीं के गणित विषय में प्रत्येक विद्यार्थी को 10 अंक ग्रेस मार्क्स दिए गए हैं। 10वीं के बेसिक गणित में 88,137 परीक्षार्थी शामिल हुए। 10वीं के गणित स्टैंडर्ड में 1,83,362 विद्यार्थी शामिल हुए। इनमें गणित की पास प्रतिशतता 99.27 दर्ज की गई। बेसिक गणित में 86.08 फीसदी परीक्षा परिणाम रहा।
प्राइवेट के मुकाबले सरकारी स्कूल पिछड़े
परीक्षा परिणाम में प्राइवेट स्कूलों के मुकाबले सरकारी स्कूल पिछड़ गए हैं। प्राइवेट स्कूलों की पास प्रतिशतता 96.28 फीसदी दर्ज की गई है, जबकि राजकीय विद्यालयों की पास प्रतिशतता 89.30 फीसदी तक सिमट गई। सात फीसदी के अंतर से सरकारी के मुकाबले प्राइवेट स्कूलों ने अपनी शानदार उपस्थिति दर्ज कराई है। अधिकतर सरकारी स्कूल 50 फीसदी अंक से आगे नहीं बढ़ पाए हैं।
हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड के पिछले साल के मुकाबले इस बार नतीजे तीन फीसदी कम रहे हैं। इसकी पहली वजह यह रही है कि इस बार लिखित और प्रायोगिक दोनों परीक्षाओं में विद्यार्थी का पास होना अनिवार्य किया गया है। पास प्रतिशतता का फार्मूला इस बार बदला है। बोर्ड ने टॉप-20 विद्यार्थियों की भी सूची जारी की है, जिन्होंने वरीयता के आधार पर अंक हासिल कर शानदार उपलब्धि हासिल की है। - डॉ. पवन कुमार शर्मा, अध्यक्ष, हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड, भिवानी।