05 फोटो पागल गाय को काबू करते हुए गोसेवक।
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एक गाय ने वीरवार को जागृति कॉलोनी में जमकर उत्पात मचाया। जो भी सामने आया उसे टक्कर मारी। गाय की टक्कर से एक महिला के हाथ में फ्रैक्चर हुआ तो एक व्यक्ति के पेट और कमर में चोट आई। दोनों को इमरजेंसी ले जाया गया। महिला के हाथ का अब ऑपरेशन होगा। गाय के मुंह से लार निकल रही थी। जिससे स्थानीय लोग बता रहे थे कि यह पागल हो गई है। गाय के उत्पात से कॉलोनी में हड़कंप की स्थिति रही। बाद में कड़ी मशक्कत के बाद गोसेवकों ने उसे काबू किया।
मामला वीरवार सुबह करीब साढ़े सात बजे का है। जागृति कॉलोनी में एक गाय तेज-तेज आवाज करने लगी और जो भी नजर आता, उसे ही मारने के लिए दौड़ पड़ती। गाय ने वहीं पर सुबह घूमने गए कॉलोनी वासी 63 वर्षीय पूर्ण सिंह और दूध लेने गई महिला 23 वर्षीय सूची को टक्कर मारी। सूची ने बताया कि उसका पहले भी पेट का ऑपरेशन हुआ था। जिस कारण वह दौड़ नहीं सकती। गाय सुबह सभी को मारने के लिए दौड़ रही थी। वह भी बचने के लिए तेज-तेज तो चली मगर दौड़ नहीं पाई। इसी दौरान गाय ने उसे टक्कर मारी। उसके हाथ में फ्रैक्चर आया है और चिकित्सक ने ऑपरेशन करने के लिए कहा है। वहीं घायल बुजुर्ग पूर्ण सिंह ने बताया कि वह मंदिर जा रहा था। चौक के पास पहुंचा तो पागल गाय ने उसे पीछे से टक्कर मारी। जिस कारण उसे कमर और पेट में चोट लगी है। स्थानीय लोगों ने बताया कि अनेक लोगों ने भागकर अपनी जान बचाई है।
उधर, नहीं पहुंचे डाक्टर, दम तोड़ गई गाय : जागृति कॉलोनी में ही जहां एक गाय उत्पात मचा रही थी वहीं एक अन्य गाय भी बीमारी के कारण तड़प रही थी। बाद में बीमार गाय ने दम तोड़ दिया। स्थानीय महिला संतोष व अन्य ने बताया कि उन्होंने बुधवार को ही पशुपालन विभाग के एक अधिकारी को सूचना दी थी मगर पशु चिकित्सा अधिकारी फोन पर ही उन्हें अपशब्द कहने लगा और गाय के इलाज के लिए कोई नहीं आया। रात को उन्होंने गाय को अपने बाड़े में रखा। स्थानीय स्तर पर दवा भी दिलाई मगर वीरवार को भी पशुपालन विभाग के डॉक्टर नहीं आए। दोपहर के समय गाय ने दम तोड़ दिया।
उधर, 10 मिनट में कुत्ते के इलाज के लिए पहुंचे डॉक्टर : राजनीतिक पहुंच रखने वाले फोन करे तो लावारिस कुत्ते का इलाज करने भी पशुपालन विभाग के डाक्टर 10 मिनट में पहुंच रहे हैं और गायों का इलाज करने के लिए 24 घंटे बाद भी चिकित्सकों के पास समय नहीं है। ये आरोप गोसेवक संजय परमार, मोनू आदि ने लगाए। उन्होंने बताया कि बुधवार को एक नेता के आवास से पशुपालन विभाग के अधिकारी को फोन पर गली में कुत्ता बीमार होने संबंधित सूचना दी गई। चिकित्सक 10 मिनट में पहुंच गया मगर जागृति कॉलोनी में गाय 24 घंटे तड़पती रही मगर चिकित्सक के पास अब तक टाइम नहीं है।