भिवानी। भीषण गर्मी में गंभीर जलसंकट से घिरे शहरवासियों के लिए राहत भरी खबर है। सिंचाई विभाग ने गंभीर पेयजल संकट को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन के अनुरोध पर नहरी पानी मुहैया कराया है। सुंदर डाउन में 587 क्यूसेक तो मित्ताथल में 285 क्यूसेक पानी पहुंचा है। वहीं जूई फीडर अभी बंद है। हालांकि पुराने जलघर टैंकों तक पानी पहुंचाने के लिए मित्ताथल में गुजरानी हैड से टैंकों को भरने की व्यवस्था कराई गई है। सिंचाई विभाग के नहरी पानी शेड्यूल के हिसाब से नौ से 16 जून तक नहरी पानी मिलेगा।
सिंचाई विभाग ने भी 1,250 क्यूसेक पानी की डिमांड भेजी है। फिलहाल पेयजल जरूरतों को पूरा कराने के लिए ही नहर में आंशिक पानी मुहैया कराया है। शहर के जलघर के टैंक राशनिंग के बावजूद आपूर्ति देने में अब सूख चुके थे। इसकी वजह से अब राशनिंग के बाद भी पेयजल आपूर्ति जारी रख पाना मुश्किल हो रहा था। इसी वजह से जिला प्रशासन ने सिंचाई विभाग के उच्चाधिकारियों से संपर्क साधकर अतिरिक्त पानी की व्यवस्था कराई है, जिससे शहरवासियों को भीषण गर्मी में पेयजल जरूरतों को पूरा करने में बड़ी राहत मिलेगी।
भिवानी शहर में तीन मुख्य जलघरों से पूरे शहर को पेयजल आपूर्ति दी जा रही है। महम रोड स्थित पुराने जलघर से करीब एक पखवाड़ा से शहर को एक दिन छोड़कर एक दिन पेयजल आपूर्ति में पानी नसीब हो रहा था। लेकिन अब ये आपूर्ति भी सोमवार से देना संभव नहीं था, ऐसे में रविवार रात को ही सुंदर ब्रांच में 872 क्यूसेक पानी पहुंचा। इसमें 587 क्यूसेक सुंदर डाउन में चला और 285 क्यूसेक पानी मित्ताथल फीडर में दिया गया। जबकि जून को बंद रखा गया।
पुराना जलघर के टैंकों को मित्ताथल फीडर से गुजरानी हैड से पानी मुहैया कराया गया है, ताकि शहर में पानी की आपूर्ति को जारी रखा जा सके। जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधिकारियों का दावा है कि नौ जून को नहरों में नियमित रूप से पानी आने के बाद ही शहर के अंदर राशनिंग को खत्म किया जाएगा। फिलहाल जलघर टैंकों में इस राहत से आंशिक रूप से ही नहरी पानी का भंडारण हो पाएगा।
सिंचाई विभाग के उच्चाधिकारियों ने जिला प्रशासन के अनुरोध पर सुंदर डाउन और मित्ताथल में अतिरिक्त पानी दिया है। इससे शहर के पुराने जलघर के टैंकों को पानी की आपूर्ति दी गई है। नौ जून से 16 जून तक सुंदर ब्रांच की नहरों में नियमित नहरी पानी का शेड्यूल है। इस बार 1,250 क्यूसेक की डिमांड रखी है। इसमें 900 क्यूसेक सुंदर सब ब्रांच और 350 क्यूसेक मित्ताथल फीडर के लिए शामिल है। जबकि जूई फीडर के लिए करीब एक हजार क्यूसेक की अलग से पानी की डिमांड रहेगी। मित्ताथल फीडर के गुजरानी हैड से नहर में पाइप डालकर जूई फीडर में पानी दिया गया है ताकि शहर के टैंक भरे जा सकें। - जितेंद्र मान, कार्यकारी अभियंता, भिवानी वाटर सर्विसेज भिवानी सिंचाई विभाग।
जूई फीडर में नहरी पानी मिला है। पुराने जलघर के टैंकों को भरने का प्रयास किया जा रहा है। जब तक शहरी दायरे के पानी के टैंकों के अंदर पर्याप्त पानी का भंडारण नहीं हो जाता तब तक राशनिंग से ही पेयजल आपूर्ति लोगों को मिलती रहेगी। -सतीशचंद्र, एसडीओ, शहरी पेयजल शाखा भिवानी।