भाजपा प्रदेश मीडिया प्रकोष्ठ के संयोजक सूरजपाल अम्मू ने कहा कि उत्तर प्रदेश से आकर यशपाल मलिक प्रदेश की आबो-हवा बिगाड़ रहे हैं। इनेलो और कांग्रेस उसे समर्थन दे रही है। जबकि सच्चाई यह है कि जाटों की सभी मांगें मान ली गई हैं। करीब 22 सौ में 21 सौ से अधिक को रिहा किया जा चुका है। 89 में से 22 वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु के आवास पर आग लगाने और करीब 23 विभिन्न चोरी-डकैती की घटनाओं में नामजद है।
शुक्रवार को यहां रेस्ट हाउस में पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि आरक्षण के नाम पर इनेलो व कांग्रेस राजनीति कर रही है। जाट आरक्षण आंदोलन के पीछे कांग्रेस, इनेलो व यशपाल मलिक गुट का हाथ है। ये प्रदेश में चल रहे आंदोलन में अपना समर्थन दे रहे है। जो भी व्यक्ति जाट आंदोलन को भड़काएगा, प्रदेश सरकार उससे सख्ती से निपटेगी। यशपाल मलिक को हरियाणा कोई लेना-देना नहीं। वह तो सपा और कांग्रेस के इशारे पर काम कर रहा है। आंदोलन में गिरफ्तार युवाओं के लिए आम माफी पर विचार किया जा रहा है।
प्रदेश सरकार जाट आरक्षण की मांग को पूरा कर चुकी है। मामला कोर्ट में लंबित होने के चलते बेहतर वकीलों के माध्यम से पैरवी करवाई जा रही है। कर्मचारियों की आयु 58 से 60 वर्ष किए जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि प्रदेश भर में कर्मचारियों की भारी कमी है। इसी कमी को देखते हुए आयु सीमा बढ़ाई गई है।
जो अधिकारी नहीं सुनेगा वह सीट पर नहीं रहेगा
अधिकारियों द्वारा भाजपा कार्यकर्ताओं, नेताओं की बात नहीं मानने के सवाल पर सूरजपाल अम्मू ने कहा कि जो अधिकारी आमजन व भाजपा कार्यकर्ताओं की नहीं सुनेगा, वह जिले और सीट पर नहीं रहेगा। अगर कोई ऐसा है तो उसकी लिखित शिकायत करें। साथ ही उन्होंने विभाग के एक आला अधिकारी के खिलाफ लंबित 15 शिकायतों की कार्रवाई के मामले में स्वास्थ्य मंत्री से बातचीत करने की बात कही।
मुझे नहीं लगता अब अकल आएगी
जाट आरक्षण आंदोलन को भड़काने वालों पर कार्रवाई के नाम पर उन्होंने एक वरिष्ठ कांग्रेसी नेता का नाम लेते हुए कहा कि रोहतक में प्रवेश पर उक्त नेता पर जूते बरसाए गए। जिसे जूते खाने के बाद भी अकल नहीं आई तो मुझे नहीं लगता कि अब आएगी।