भिवानी में जनस्वास्थ्य विभाग में जेई के घर संदिग्ध परिस्थितियों में आग लग गई। आग से न केवल घरेलू सामान जलकर राख हो गया बल्कि घर में काफी सरकारी रिकार्ड की फाइलें भी थी। जो आग में जल गई। करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग से करीब 12 लाख का सामान जलकर राख हो गया। परिवार के सदस्यों ने घर से बाहर भागकर जान बचाई।
हादसा सोमवार देर रात करीब साढ़े 11 बजे हुआ। जनस्वास्थ्य विभाग कार्यालय के पास ही बनी अधिकारियों के आवास में मकान नंबर छह में अचानक आग लग गई। यहां जेई संजय जैन अपने परिवार के साथ रहते है। देखते ही देखते पूरे मकान में आग फैल गई। घर में सोये परिवार के सदस्यों ने भागकर जान बचाई और दमकल विभाग को सूचना दी। सूचना पर पहुंची दमकल विभाग की दो गाड़ियों ने करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आग से घर में रखा लगभग सारा सामान जलकर राख हो गया। घर की छत भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। आग लगने के कारणों का पता नहीं लग पाया मगर शार्ट सर्किट से आग लगने की संभावना जताई जा रही है।
जेई संजय जैन ने बताया कि रात करीब साढ़े 11 बजे कुछ गिरने की आवाज हुई। उन्हें लगा कि बिल्ली या अन्य कोई जानवर घुस आया है। कमरे से बाहर निकलकर देखा तो रसोई के पास आग लगी हुई थी। जिसके बाद वे सभी सदस्य घर से बाहर निकले। आग बुझाने के प्रयास किए। आग तेजी से फैलती ही चली गई और पूरे घर में फैल गई। दमकल विभाग के कर्मचारियों ने कड़ी मशक्कत से आग को बुझाया। जो कपड़े पहने हुए थे, उन्हें छोड़ सारा सामान जल गया। आग से सारा घरेलू सामान बेड, टीवी, फ्रिज, खिड़की-दरवाजे, अलमारियां, पुस्तकें आदि जल गए। वे अक्सर काम करने के लिए फाइलें घर लाते थे ताकि दिन में फिल्ड वर्क ज्यादा हो तो भी कार्यालय का काम न रुके। वे सभी फाइलें भी जल गई। करीब 12 लाख का सामान जलकर राख हो गया। आग की सूचना पर सुबह जनस्वास्थ्य विभाग के एक्सईएन संजीव त्यागी व अन्य अधिकारी भी मौके पर पहुंचे।
गैस सिलेंडर और इन्वर्टर बैटरी फटने से बची, होता ज्यादा नुकसान
रसोई में गैस सिलेंडर था और उससे कुछ ऊंचाई पर आरओ लगा था। आग की तपस के कारण आरओ पिंघल गया और उसका पानी सिलेंडर पर गिरता रहा। वरना सिलेंडर फटने की आशंका थी। इसी तरह इन्वर्टर बैटरी भी फटने से बच गई। वरना हादसा बड़ा हो सकता था।