भिवानी में दशहरा पर चोरी-छीपे खूब पटाखे बिके। मगर रोकने वाला कोई नहीं। दीपावली में अब 16 दिन शेष है। दीपावली पर पटाखों की स्टॉल लगाकर या अवैध बिक्री कर मुनाफा कमाने वाले दुकानदारों ने पटाखों का भारी स्टॉक कर लिया है। किसी ने अपनी दुकान में पटाखे भर रखे है तो किसी ने घर में।
अमर उजाला टीम ने बाजार में पटाखों की अवैध बिक्री की जांच पड़ताल की तो तीन दुकानदार पटाखे देने को तैयार हुए मगर कुछ को शंका होने पर इंकार कर दिया। बिना नाम लिए दुकानदारों ने स्टॉक करने वालों के भी नाम बताये। दो दुकानदार तो खुलेआम स्टॉल लगाकर पटाखे बेच रहे है। शहर में पटाखों की अवैध बिक्री और स्टॉक हो रहा है और न पुलिस प्रशासन अलर्ट और न ही जिला प्रशासन गंभीर।
दीपावली और दशहरा पर हर वर्ष करोड़ों के पटाखे चलाये जाते है। हर साल पार्क में लगने वाली स्टॉल में भी करीब दो सौ से अधिक दुकानदार स्टॉल लगाकर पटाखे बेचते है। हर कोई जानता है कि सस्ते दामों पर पटाखे लेने के चलते स्टॉल लगाने वाले दुकानदार व गुपचुप तरीके से पटाखे बेचने वाले दो से तीन महीने पहले ही पटाखों का स्टॉक कर लेते है ताकि दीपावली पर अच्छा मुनाफा कमा सकें ।
दशहरा पर पटाखों की बिक्री से यह साफ भी हो गया है कि शहर में दुकानदारों के पास पटाखों का काफी स्टॉक है। चोरी-छीपे दुकानदारों ने खूब पटाखे बेचे। ज्यादातर रावण बनाने वाले लोगों ने ही खरीददारी की। अमर उजाला टीम ने इसकी पड़ताल की तो किरोड़ीमल मंदिर के पास खुलेआम बिक्री हो रही थी तो सराय चौपटा, बिचला बाजार, जैन चौक में कुछ दुकानदार पटाखे चोरी-छिपे बेचते नजर आए। इन दुकानदारों ने शहर के रिहायशी क्षेत्रों में बने अपने मकानों में पटाखों का स्टॉक कर रखा था। प्रतिबंधित पटाखों की भी बिक्री की जा रही है।
दोगुने से भी ज्यादा है कमाई
पिछले वर्ष दीपावली पर स्टॉल लगाने वाले एक युवक ने बताया कि दिल्ली व कुछ अन्य जगह फैक्ट्रियों से छह महीने पहले ही पटाखे मिलना शुरू हो जाते है। उस समय आधे से भी कम दाम में पटाखे मिल जाते है और उस समय ज्यादा चेकिंग नहीं होने के कारण आसानी से लाए भी जा सकते है। उसके बाद यहां कुछ रुपयों में दीपावली पर लाइसेंस मिल जाता है और ये सारे पटाखे बिक जाते है। लगभग दोगुने से भी ज्यादा का मुनाफा होता है। प्रतिबंधित पटाखों की बिक्री घर पर या स्टाल पर पीछे की तरह चोरी छिपे होती है।
आईजी के निर्देश, पुलिस चलाए जांच अभियान
आईजी ओपी सिंह ने सभी पुलिस अधीक्षकों, थाना व चौकी प्रभारियों को निर्देश दिए है कि शहर में अवैध रूप से पटाखों की बिक्री नहीं होने चाहिए। पटाखों का स्टॉक करने की सूचनाएं है, इसके लिए जांच अभियान चलाए। पटाखे सुरक्षित स्थान पर ही चलाए जाए।
इन क्षेत्रों में होता है ज्यादा भंडारण
* बिजलीघर गेड
* सराय चौपटा
* बैंक कॉलोनी
* लोहड़ बाजार
* कृष्णा कॉलोनी
* घंटाघर मार्केट के कुछ दुकानदार
* बीटीएम चौक क्षेत्र
* जैन चौक
पटाखों के स्टोरेज पर रोक है। अवैध बिक्री करने वालों पर मुकदमा दर्ज किया जाएगा। कहीं अवैध बिक्री न हो इसके लिए पुलिस शहर के संदिग्धों पर नजर रखे है।
चंद्रपाल बिश्रोई, डीएसपी हेड क्वार्टर