भिवानी/बवानीखेड़ा। बवानीखेड़ा स्थित नागरिक अस्पताल का भवन हो चुका है। अस्पताल में चिकित्सा विशेषज्ञ हैं न ही दवाइयां। एक्सरे जांच करने के लिए दो में से एक रेडियोग्राफर है। ऐसे में मरीजों को इलाज के लिए भटकना पड़ता है।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से अस्पताल भवन को कंडम घोषित कर रखा है, लेकिन इसका निर्माण कार्य शुरू होने में देरी हो रही है। संवाद न्यूज एजेंसी के बवानीखेड़ा मांगे हक अभियान से जुड़ कर पार्षदों व कस्बावासियों ने अस्पताल के हालात बेहतर बनाने की मांग उठाई है।
लोगों का कहना है कि बवानीखेड़ा तहसील जिले के स्थापना के साथ बनी तहसील है, लेकिन विकास की रफ्तार बेहद धीमी है। स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए भी लोगों को भटकना पड़ रहा है। किसी भी आपातकालीन स्थिति में अगर मरीज को सामान्य अस्पताल लेकर जाते हैं, तो उसे भिवानी रेफर कर दिया जाता है। कस्बे के अस्पताल में चिकित्सा विशेषज्ञ नहीं होने के कारण मरीजों को नजदीकी शहरों का रास्ता नापना पड़ रहा है। लोगों ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि जल्द से जल्द स्वास्थ्य सुविधाएं बेहतर हों।