डीआरडीए हाॅल में बैंक अधिकारियों की बैठक लेते एडीसी दीपक बाबू लाल करवा।
भिवानी। बैंक अधिकारी किसी भी ऋण या अन्य आवेदन को अनावश्यक रूप से लंबित न रखें। यह निर्देश एडीसी दीपक बाबू लाल करवा ने शुक्रवार को लघु सचिवालय स्थित डीआरडीए हॉल में आयोजित डीएलआरसी समीक्षा बैठक में दिए। बैठक पंजाब नेशनल बैंक के तत्वावधान में आयोजित हुई। बैठक में एडीसी ने कहा कि रोजगार से जुड़े ऋण संबंधी आवेदनों का तुरंत निपटान किया जाए। जिन आवेदनों में पात्रता नहीं बनती, उन्हें निरस्त कर दिया जाए, ताकि आवेदक नए सिरे से आवेदन कर सकें।
एलडीएम विभूति पांडे ने बैठक में एजेंडा प्रस्तुत करते हुए विस्तृत रिपोर्ट दी। एडीसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे अपने घरों और बैंक परिसरों में पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत संयंत्र स्थापित करने को बढ़ावा दें जिससे पर्यावरण संरक्षण भी होगा। इसके साथ ही उन्होंने पीएम विश्वकर्मा योजना के तहत आवेदनों पर बिना देरी ऋण सहायता जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार की कई योजनाएं बैंकों से जुड़ी हैं, जिनके माध्यम से जरूरतमंद लोग ऋण लेकर स्वरोजगार शुरू करते हैं और अपने जीवन स्तर को बेहतर बनाते हैं। ऐसे में ऋण स्वीकृति में किसी भी स्तर पर देरी न की जाए।
एडीसी ने यह भी निर्देश दिए कि प्राप्त सभी शिकायतों का समाधान तीन दिनों के भीतर किया जाए और उनकी एटीआर समय पर पोर्टल पर अपलोड की जाए। बैठक में एलडीएम, भारतीय रिजर्व बैंक तथा नाबार्ड के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। इस दौरान आरबीआई से एचएल भाटिया, नाबार्ड से राकेश राणा और साइबर सेल से निरीक्षक सुनील कुमार भी मौजूद रहे।