भिवानी। एडीसी दीपक बाबूलाल करवा ने लघु सचिवालय परिसर में मंगलवार को खाद्य पदार्थों से जुड़ी अनियमितताओं की जांच और सुनवाई की। इस दौरान मिसब्रांडेड, सब्सटेंडर्ड और बिना लाइसेंस व रजिस्ट्रेशन के खाद्य पदार्थ बेचने वाले विक्रेताओं पर कुल 6 लाख 72 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया।
सुनवाई में विशेष रूप से हिमांशु व श्रीजी फूड प्रोडक्ट के देसी घी, सीताराम के घी और फैट पनीर के मामले की अनियमितता पर 1 लाख 62 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया। वहीं अन्य दुकानदारों, विक्रेताओं और कंपनियों पर खाद्य पदार्थों से जुड़े लाइसेंस और पंजीकरण न करवाने के कारण 5 लाख 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया।
सुनवाई के दौरान खाद्य सुरक्षा अधिकारी डॉ. पुनीत शर्मा भी मौजूद रहे। एडीसी ने संबंधित विक्रेताओं को चेतावनी दी कि भविष्य में समय पर पंजीकरण और लाइसेंस नवीनीकरण करवाना अनिवार्य है। एडीसी ने आमजन से अपील की है कि यदि किसी खाद्य पदार्थ के निर्माण, बिक्री, मैन्युफैक्चरिंग, स्टोरिंग, पैकिंग या आयात-निर्यात के दौरान मानक का पालन न हो या मानक अंकन न हो तो इसकी जानकारी तुरंत जिला खाद्य एवं औषधि सुरक्षा विभाग को दें ताकि संबंधित विक्रेता के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।