आंगनबाड़ी वर्करों का दो घंटे हंगामा, 2200 ने दी गिरफ्तारी
अमर उजाला ब्यूरो
भिवानी।
लघु सचिवालय के बाहर शुक्रवार को आंगनबाड़ी वर्कर हेल्पर्स यूनियन संबंधित सीटू व सर्व कर्मचारी संघ ने राज्य स्तरीय आह्वान पर जिला मुख्यालय पर जेल भरो आंदोलन के तहत गिरफ्तारी दी। 22 सौ महिलाओं ने पहले ही गिरफ्तारी के लिए नामांकन सूची दी थी, लेकिन प्रशासन द्वारा महज 5 बसों को बुलाकर गिरफ्तारी की गई। बसें कम पड़ने पर आंगनबाड़ी वर्कर लघु सचिवालय के गेट पर धरना देकर बैठ गईं और अधिकारियों का रास्ता रोके रखा। पुलिस ने उन्हें वहां से हटाने का प्रयास किया। इस पर महिलाओं ने पुलिस को भी खरीखोटी सुनाई। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए महिला थाना प्रभारी लक्ष्मी देवी ने महिला पुलिस टीम के साथ महिलाओं को नियंत्रित किया। पांच बसें भरकर पुलिस लाइन भेजी गईं, जबकि शेष महिलाओं की वहीं पर गिरफ्तारी की गई। मौके पर ही मौजूद ड्यूटी मजिस्ट्रेट नरेश कुमार ने गिरफ्तार महिलाओं को जमानत पर रिहा किया।
लघु सचिवालय के बाहर शुक्रवार को आंगनबाड़ी वर्कर हेल्पर्स यूनियन संबंधित सीटू व सर्व कर्मचारी संघ ने दिन भर धरना दिया। मांगों को लेकर पहले से ही दोपहर दो बजे गिरफ्तारी देने का ऐलान किया गया। महिलाओं को गिरफ्तार करने के लिए रोडवेज की पांच बसें बुलाई गई। इनमें महिलाओं को गिरफ्तार कर पुलिस लाइन ले जाया गया। शेष बची महिलाओं के लिए बसें उपलब्ध न होने पर प्रदर्शनकारी महिलाओं ने जमकर नारेबाजी शुरू कर दी और लघु सचिवाल के मैन गेट का रास्ता रोक कर धरने पर बैठ गई। जिसे लेकर वहां तैनात भारी पुलिस बल व महिलाओं के बीच जमकर हंगामा हुआ। लघु सचिवालय के बाहर गिफ्तारी के लिए बसें कम पड़ने पर खुद महिला थाना इंचार्ज लक्ष्मी देवी ने मौके पर पहुंचकर सभी 22 सौ महिलाओं को गिरफ्तार करने की घोषणा की। वहां मौजूद ड्यूटी मजिस्ट्रेट नरेश कुमार ने गिरफ्तार सभी महिलाओं को रिहा करने का आदेश दिया।
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गिरफ्तारी के बाद सरकार ने बातचीत के लिए बुलाया
सीटू जिला प्रधान का. ओम प्रकाश ने कहा कि कल हरियाणा सरकार ने उनके संगठन को बातचीत के लिए बुलाया है, यदि तर्क संगत व सर्व मान्य समझौता नहीं किया तो आंगनबाड़ी आंदोलन को ओर तेज कर दिया जाएगा।
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पुलिस बस का रोका रास्ता, कहा हमें भी गिरफ्तार करो पहले
महिलाओं को गिरफ्तार कर ले जा रही बस के आगे प्रदर्शनकारी महिलाएं रास्ता रोक कर बैठ गई। गुस्साई महिलाओं ने कहा कि पहले हमें गिरफ्तार करो। उसके बाद ये बसें आगे ले जाने देेंगे।
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पोलियो अभियान का होगा बहिष्कार
आंगनबाड़ी वर्कर्स हेल्पर्स यूनियन ने कहा कि मांगे पूरी नहीं हुई तो आंदोलन से जुड़ी महिलाएं रविवार को पोलियो अभियान में भाग नहीं लेंगी। इस बीच बामला से मुननी देवी के नेतृत्व में उसकी सभी साथी दूसरे गुट से नाता तोड़कर सीटू समर्थित आंदोलन में शामिल हो गई हैं ताकि एकता को मजबूत किया जा सके।
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इन आंदोलनकारियों की हुई मुख्य रूप से गिरफ्तारी
आंदोलन में गिरफ्तारियां देने वालों में आंगनबाड़ी नेता संतोष ग्रेवाल, राजबाला खानक, ईश्वर भिवानी, किरण, बबीता, नानकी, मंजू और हर्ष लता भिवानी, प्रोमिला, मुननी, बिमला बामला, सरोज, राजबाला निनान, ओमवती देवसर, बिरमती बवानीखेड़ा, मंगला, शीला, राजबाला कैरू, गीता चांग, सत्यबाला मित्ताथल, सर्व कर्मचारी संघ के सुखदेव, सुखदर्शन सरोहा, संदीप सांगवान, सुकेश, धर्मबीर भाटी, लोकेश, महेंद्र बड़ाला, महेेंद्र प्रजापति, रत्तन जिंदल, सीटू के फूलचंद, रामेहर, रामफल देशवाल, का. ओम प्रकाश, युवा मोर्चा के अभिषेक शर्मा, महिला नेत्री संतोष देशवाल, शीला बलियाली, बिमला घनघस, सीटू नेता धर्मबीर कूंगड व अनेक महिलाएं शामिल थीं।