पेट्रोल पंप पर अब उन वाहनों को पेट्रोल अथवा डीजल नहीं मिलेगा, जिनके वाहनों का रजिस्ट्रेशन नंबर नहीं है। आपराधिक वारदातों से निपटने के लिए पुलिस ने पेट्रोल पंप संचालकों को यह निर्देश दिए हैं। साथ ही कहा है कि यदि आदेशों की अवहेलना हुई तो कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा ऑटो वाहन चालकों और मालिकों का रिकॉर्ड भी थाने में दर्ज करवाने के निर्देश दिए गए हैं।
उल्लेखनीय है कि जिला शहरी क्षेत्र में चेन स्नेचिंग और पर्स छीनने इत्यादि की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए यह दिशा निर्देश जारी किए गए हैं। पुलिस की मानें तो ऐसी घटनाओं में यह सामने आया है कि अपराधी ऐसे वाहनों का प्रयोग करते हैं, जिन पर पंजीकरण नंबर नहीं लगा होता। ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए पुलिस ने सख्त कार्रवाई करने का निर्णय लिया है। इसके तहत पेट्रोल पंप मालिक भी यह सुनिश्चित करेंगे कि वे किसी भी ऐसे वाहन को डीजल व पट्रोल न दें, जिस पर रजिस्ट्रेशन नंबर न लगा हो अथवा नम्बर प्लेट न हो। फिलहाल यह निर्देश आगामी दो माह तक जारी रहेंगे, जबकि अवहेलना पर कार्रवाई होगी।
उधर, पुलिस ने जिला में चलने वाले सभी ऑटो मालिकों व चालकों के लिए संबंधित क्षेत्र के पुलिस थाना में उनका पंजीकरण सुनिश्चित करने के लिए आदेश जारी किए गए हैं। इसके तहत ऑटो के मालिक व चालक का नाम, पता तथा संपर्क नंबर दर्ज करवाना अनिवार्य होगा। पुलिस का कहना है कि ऐसा देखने में आया है कि बहुत से ऑटो चालकों के पास वाहन और चालक के दस्तावेज पूरे नहीं हैं, जो सुरक्षा की दृष्टि से गलत है। दस्तावेजों के न होने का लाभ लेकर कईं बार अपराधिक तत्व विभिन्न अपराधों में ऑटो का प्रयोग कर सकते हैं। देर रात के समय आने-जाने वाले लोगों के लिए बिना दस्तावेजों के ऑटो में सफर करना भी असुरक्षित है। इसके लिए सभी ऑटो मालिकों और चालकों को संबंधित क्षेत्र के पुलिस थाना में अपना पंजीकरण करवाना अनिवार्य किया गया है। आगामी 10 दिनों में ऑटो मालिकों व चालकों को नजदीकी पुलिस स्टेशन में अपना नाम, पता दर्ज करवाना होगा और अपनी नवीनतम फोटो भी देनी होगी।
वर्जन
बिना रजिस्ट्रेशन नंबर वाले वाहनों को पेट्रोल अथवा डीजल न देने के लिए पेट्रोल पंप संचालकों को निर्देश दिए गए हैं। इसी तरह ऑटो चालकों और मालिकों का विवरण भी नजदीकी थाने अथवा चौकी में दर्ज करवाने के निर्देश दिए गए हैं। सुरक्षा के लिहाज से यह निर्देश जारी किए गए हैं। यदि निर्देश न माने गए तो इस पर कार्रवाई होगी, जबकि पुलिस भी रूटीन में यह चेक करवाएगी कि इन निर्देशों पर अमल हो रहा है या नहीं।
- डॉ. अरुण सिंह, डीसीपी अरबन