मुलाना। पहाड़ों में हुई बारिश से मारकंडा और टांगरी नदी एक बार फिर उफान पर आ गई हैं। इस सीजन में तीसरी बार मारकंडा नदी में उफान आया। मंगलवार सुबह ही मुलाना में मारकंडा नदी का जलस्तर बढ़ना शुरू हुआ जोकि सुबह 10 बजे 8.3 फीट करीब 36 हजार क्यूसेक पहुंच गया और नदी किनारे खेतों में पहुंच गया।
वहीं हेमामाजरा गांव में बिना बांध वाली जगह से होते हुए मारकडा नदी का पानी कई एकड़ फसलों में भर गया और हेमामाजरा गांव की सड़क के ऊपर से बहने लगा। हालांकि कुछ देर बाद ही जलस्तर कम होने लगा। मंगलवार शाम 6 बजे मारकंडा नदी का जलस्तर 4.5 फीट रह गया था। जोकि करीब 12500 क्यूसेक की मात्रा में बह रहा था । सिंचाई विभाग मारकंडा नदी की हर स्थिति पर नजर बनाए है। विभाग ने लोगों को नदी से दूर रहने की अपील की है।
टांगरी के आसपास रहने वाली कॉलोनियों में अटकी लोगों की सांसें : टांगरी नदी में मंगलवार सुबह तक पानी का स्तर काफी कम था। इसके बाद दोपहर तक अचानक से पानी के स्तर में बढ़ोतरी देखी गई। टांगरी नदी के आसपास 30 से अधिक कॉलोनियां बसी हुई हैं। ऐसे में लोग अपने घरों की छतों पर चढ़कर नदी के बहाव को देखते नजर आए। वहीं टांगरी के पुल पर चढ़कर लोग बार-बार नदी के स्तर को देख रहे थे। एसडीएम विनेश कुमार ने बताया कि टांगरी के जलस्तर पर नजर बनाए हुए हैं। मंगलवार को सात हजार क्यूसेक पानी पहाड़ाें से आया था। पहाड़ी इलाकों में अब बारिश में कमी आई है तो बुधवार तक नदी के जलस्तर में कमी आ सकती है। लोग किसी प्रकार से घबराएं नहीं। अगर हालात चिंताजनक होंगे तो लोगों को पहले ही प्रशासन सलाह जारी करेगा। संवाद