अंबाला। यमुनानगर की जगाधरी जेल से उपचार के लिए छावनी नागरिक अस्पताल के हार्ट सेंटर में लाया हवालाती 40 वर्षीय राजबीर सोमवार सुबह फरार हो गया। शातिर आरोपी ने लॉक लगी हथकड़ी में से भी हाथ निकाल लिया था।
इस बारे बाहर तैनात गारद को भनक तक नहीं लगी। जैसे ही आरोपी बेड पर नहीं मिला तो हड़कंप मच गया। पुलिस की टीमों ने काफी तलाश की लेकिन सुराग नहीं लगा। अस्पताल के सीसीटीवी फुटेज में वह भागता दिखाई दे रहा था। आखिर में यमुनानगर और अंबाला सीआईए की टीम ने आरोपी राजबीर को दो घंटे में लाडवा के पास से गिरफ्तार कर लिया। बताया जाता है कि आरोपी भागने के बाद लिफ्ट मांगता लाडवा जा रहा था। अब स्थानीय पुलिस आरोपी पर एक और मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई भी करेगी।
हत्या के आरोप में बंद था राजबीर
यमुनानगर के थाना छप्पर स्थित फरीदपुर गांव निवासी 40 वर्षीय राजबीर और उसके परिवार पर अपने साथियों संग मिलकर एक परिवार पर हमला करने और हत्या के आरोप लगे थे। इस मामले में आठ अक्तूबर 2024 को थाना छप्पर में राजबीर सहित 11 पर मामला दर्ज हुआ था। इस मामले में राजबीर जेल में बंद है। रविवार देररात को अचानक सीने में दर्द होने की शिकायत होने पर आरोपी को पहले जेल से यमुनानगर नागरिक अस्पताल ले जाया गया था, जहां से उसे अंबाला छावनी के हार्ट सेंटर में दाखिल कराया था। सुबह करीब नाै बजे आरोपी वार्ड में था और गारद में तैनात चार मुलाजिम बाहर थे। तीन हार्ट सेंटर के बाहर से पार्किंग में चले गए तो एक होमगार्ड शौचालय चला गया। इस बीच आरोपी हथकड़ी में से हाथ निकालने के बाद जैकेट और टोपी उतारकर लोई ओढ़ फरार हो गया।
हृदय रोग विशेष नहीं होने के कारण अंबाला लाए
दरअसल, नागरिक अस्पतालों में हृदय रोग विशेषज्ञ नहीं है। जबकि अंबाला छावनी नागरिक अस्पताल में पीपीपी मोड पर हार्ट सेंटर चल रहा है। इसलिए अंबाला, यमुनानगर व आसपास से हवालाती व कैदी यहां पर आते हैं।
वर्जन
हवालाती राजबीर के भाग ने की सूचना मिलते ही वीटी करवा दी गई थी। अंबाला और यमुनानगर सीआईए की टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए लाडवा से आरोपी को महज दो घंटे में ही काबू कर लिया था।
इंस्पेक्टर अजायब सिंह, थाना प्रभारी अंबाला कैंट।
अंबाला छावनी के नागरिक अस्पताल का हार्ट सेंटर: संवाद- फोटो : mathura