कोरोना से रविवार को भी दो लोगों की मौत हो गई। वहीं बराड़ा के डेरा सलीमपुर निवासी 85 वर्षीय बुजुर्ग की कोरोना से मौत की पुष्टि भी स्वास्थ्य विभाग ने रविवार को कर दी। हालांकि उनकी मौत शनिवार को हुई थी। रविवार को स्वास्थ्य विभाग ने कुल 3 मौत की पुष्टि की इनमें बराड़ा निवासी यह बुजुर्ग भी शामिल है। अमर उजाला ने एक दिन पहले ही इसकी पुष्टि कर दी थी।
इसके अलावा अंबाला शहर निवासी 53 वर्षीय व्यक्ति जोकि नया बांस का रहने वाला था और मथुरा नगरी निवासी 72 वर्षीय बुजुर्ग ने भी कोरोना से दम तोड़ दिया। अब जिले में कोरोना से मरने वालों की संख्या 34 हो गई है। हालांकि नारायणगढ़ के बरौली की 80 साल की सलमा और छावनी की शालीमार बाग निवासी 66 वर्षीय महिला की मौत कोरोना से नहीं हुई। इन दोनों की शनिवार को मौत हुई थी। रविवार को भी 120 नए मामले सामने आए। इन केस के साथ अब जिले में 3 हजार 728 कुल संक्रमितों की संख्या हो चुकी है। हालांकि 68 मरीज ठीक भी हुए। अब जिले में 489 एक्टिव केस रहे गए हैं और 3205 को डिस्चार्ज किया जा चुका है।
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शहर में 45 केस, चौड़मस्तपुर में 22 नए केस
120 कोरोना मरीजों में सबसे ज्याद 45 मामले अंबाला शहर, 7 मामले, कैंट व 22 मामले चौड़मस्तपुर से हैं। 15 मामले नारायणगढ़ व 18 बराड़ा के हैं। शहजादपुर से 7 व मुलाना से 6 लोगों को कोरोना को अपनी चपेट में लिया है।
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दुबई जाने से पहले युवक संक्रमित, टूटा नौकरी पाने की सपना
अंबाला। कोरोना संक्रमण की चपेट में छावनी रेलवे स्टेशन पर जहां आरपीएफ के पांच मुलाजिम चपेट में आ गए तो वहीं रेलवे कॉलोनी निवासी एक महिला जज भी संक्रमित पाई गई। स्वास्थ्य विभाग ने आरपीएफ मुलाजिमों के साथ-साथ संपर्क में आने वाले सभी लोगों के लिए सैंपल कोविड टेस्ट के लिए भेज दिए। इसके अलावा गोविंद नगर में भी एक ही परिवार के दस सदस्य संक्रमित पाए गए। स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि एक दिन पहले ही परिवार का एक सदस्य संक्रमित पाया गया था। बाकि सभी संपर्क वालों की टेस्ट सूची में शामिल थे। उधर, छावनी के नसीब बाग निवासी एक महिला भी संक्रमित पाई गई। जोकि छावनी के नागरिक अस्पताल में उपचार के लिए पहुंची थी। बुखार व सांस लेने में दिक्कत हुई तो उसे मिल्ट्री अस्पताल भेज दिया गया। जबकि दुबई की एक कंपनी में नौकरी ज्वाइन करने के लिए जाने वाला 24 वर्षीय युवक जोकि महेश नगर में रहता था वो भी संक्रमित पाया गया। संक्रमित आने पर उसकी दुबई की कंपनी में नौकरी करने का सपना टूट गया।