नारायणगढ। हिमाचल प्रदेश के पहाड़ों में हुई तेज बरसात के कारण रविवार मारकंडा नदी उफान पर आ गई। इस कारण नदी में गदौली गांव के निकट बैल बुग्गी में रेत भर रहे 2 व्यक्ति पानी के बहाव में बह गए। पिता तो कुछ दूरी पर बहाव से निकलकर बाहर आ गया, लेकिन पुत्र पानी के तेज बहाव में बह गया। व्यक्ति की पहचान गांव झींवर निवासी अवतार सिंह के तौर पर हुई। सूचना मिलते ही प्रशासन व पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और व पानी में बहे युवक की तलाश की। जिसके बाद शव शाम करीब 7 बजे गदौली घाट पर मिला।
नदी में बहे युवक अवतार सिंह के पिता रणदेव सिंह ने बताया कि समय करीब साढ़े आठ बजे वह नदी किनारे पहुंचे थे। उन्होंने ज्यों ही रेत भरना शुरू किया तो उसी समय पानी तेज गति से आ गया। इसमें वह बैल व बुग्गी फंस गए। बेल्ट काटकर उन्हें तो सुरक्षित निकाल लिया लेकिन उसका 32 वर्षीय बेटा अवतार सिंह पानी में बह गया। इसकी उन्होंने तलाश तो की लेकिन कुछ पता नहीं चल पाया। रणदेव सिंह ने बताया कि उसके पास 3 बेटे हैं जो कि अवतार सिंह सबसे बड़ा बेटा है। उसके पास 2 बेटियां हैं। वहीं गांव गदौली के निवर्तमान सरपंच सुखदेव सैनी ने बताया कि नदी में खनन का कार्य बहुत जोर-शोर से किया जाता है। उन्होंने पहले पहले भी यहां खनन करने वालों को रोका है, क्योंकि खनन की वजह से पानी उनके गांव के निकट से गुजरता है व भूमि कटाव करता है। इससे गांव को खतरा बना रहता है, वहीं रविवार भी इन लोगों को क्षेत्र के लोगों ने बहुत आवाजें लगाई की पानी आ गया है, बाहर निकल जाओ लेकिन इनकी थोड़ी सी लापरवाही ही भारी पड़ गई। देरशाम को शव मिल गया। थाना प्रभारी राजेश कुमार ने बताया कि गदौली घाट के पास से शव मिल गया है।