अंबाला सिटी। सुबह से ही मौसम धुंधला होने और तेज हवा चलने से गर्मी से राहत रही। हवा चलने से अधिकतम तापमान में 2.6 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई।
सोमवार को अधिकतम तापमान 38.8 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 23.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया। अवकाश के बाद सोमवार को फिर से ओपीडी सेवाएं शुरू हुई तो अस्पताल में मरीजों की लंबी कतारें देखने को मिली। कुल 1570 मरीज अपना उपचार कराने के लिए अस्पताल में पहुंचे। बीते एक सप्ताह से ओपीडी में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है।
इन दिनों नागरिक अस्पताल में आंखों में जलन, बुखार, गले में खारिश सहित पेट संबंधी मरीज भी अपना उपचार करवाने के लिए पहुंच रहे हैं। सबसे अधिक इन दिनों गले और आंखों के मरीज आते हैं। वहीं, सांस संबंधी बीमारियों के मरीज भी लगातार देखने को मिल रहे हैं।
पहली से हवाएं चलने के आसार
चौधरी चरण सिंह हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय हिसार के कृषि मौसम विज्ञान विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि हरियाणा राज्य में मौसम आमतौर पर 30 अप्रैल तक खुश्क और गर्म रहने की संभावना है। इस दौरान उत्तर पश्चिमी और पश्चिमी हवाएं चलने की संभावना से विशेषकर दिन के तापमान में बढ़ोतरी होने के आसार हैं, लेकिन एक मई से हवा में बदलाव हो सकता है। इसके साथ ही पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभाव से राज्य में एक मई रात्रि से तीन मई के दौरान आंशिक बादल, धूलभरी हवा चलने और कहीं-कहीं बूंदाबांदी और हल्की बारिश भी संभावित है।
बोतल से न पिलाएं दूध
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. शुभज्योति प्रकाश ने बताया कि इन दिनों गर्मी के कारण बच्चों में पेट, सांस संबंधी सहित बुखार व जुकाम के मामले देखने को मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि बच्चों को बोतल से दूध नहीं पिलाना चाहिए। जो बच्चे बोतल से दूध पीते हैं, वह जल्दी बीमार पड़ने लग जाते हैं। इसके साथ ही बच्चों को दस्त के समय ग्लूकोज या अन्य पैकेट वाले पेय पदार्थ न दें। अधिक मीठा पदार्थ पीने से भी दस्त लग सकते हैं। मीठा पेय पदार्थ अधिक मात्रा में लेने से बच्चे को बार-बार पेशाब आता है। जिससे शरीर में पानी की कमी हो जाती है।
सीधी रोशनी से बचाएं आंखें
नेत्र विभाग में भी इन दिनों 150 से अधिक ओपीडी देखने को मिल रही है। यहां पर इन दिनों आंखों में खुजली व जलन के मामले देखने को मिल रहे हैं। डॉ. राजेश ने बताया कि दिन के समय आंखों को सीधी रोशनी से बचाना चाहिए। इसके साथ ही आंखों में खुजली करने से पहले हाथों को साफ कर लेना चाहिए। गंदे हाथों के कारण आंखों में जलन या खुजली हो सकती है। जिससे संक्रमण भी हो सकता है।
सांस के मरीज भी बढ़े
डॉ. विशाल ने बताया कि इन दिनों धूल मिट्टी से भरी हुई हवाएं चलती है। इसलिए इन दिनों सांस संबंधी बीमारियां अधिक फैल रही है। सोमवार को उनकी ओपीडी में 170 मरीज उपचार के लिए पहुंचे थे। इनमें से अधिकतर मरीजों को सांस संबंधी सीने में दर्द की समस्याएं थी। उन्होंने बताया कि धूल मिट्टी से खुद का बचाव करना चाहिए। इसके लिए दिन व शाम के समय मुंह को ढककर रखें।