अंबाला छावनी में सदर बाजार चौक के पास अधूरी पड़ी नाले की दीवार। संवाद
अंबाला। नगर परिषद के अधीन खुले नालों की समीक्षा की जाएगी और इन्हें भूमिगत करने और खुले हिस्से पर स्लैब आदि डालने की योजना तैयार की जाएगी। नोएडा में हुई घटना के बाद नगर परिषद के अधिशासी अधिकारी ने छावनी क्षेत्र के खुले नालों की डिटेल मांगी है जोकि मानव जीवन के लिए खतरा बने हुए हैं ताकि इन खुले नालों की सुरक्षा को लेकर कार्रवाई शुरू की जा सके।
टीम तैयार करेगी रिपोर्ट
नालों की चहारदीवारी, ऊंचाई सहित भूमिगत पाइप लाइन बिछाने का प्रस्ताव तैयार किया जाएगा। नगर परिषद के अधिशासी अधिकारी ने इस कार्य के लिए टीम को जिम्मेदारी सौंपी है। इसकी कमान कार्यकारी अभियंता के हाथ में होगी जोकि कनिष्ठ अभियंताओं की मदद से नालों का सर्वे करवाएंगे और फिर रिपोर्ट तैयार करेंगे। इस रिपोर्ट के आधार पर आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
बड़े नालों की समस्या
अंबाला छावनी के सदर क्षेत्र में प्रमुख तौर पर चार नाले बने हुए हैं, इसमें एक नाला महेशनगर क्षेत्र में केडी अस्पताल के बिल्कुल साथ बना हुआ है। इसी प्रकार दूसरा नाला कैंटोनमेंट बोर्ड क्षेत्र की तरफ से सप्लाई चौक के नजदीक बना हुआ है जोकि गांधी मार्केट की तरफ जाता है। तीसरा नाला 12 क्रॉस रोड पर बिजली कार्यालय के नजदीक है और चौथा नाला छावनी बस अड्डे के पास महाराज ढाबे के नजदीक बना हुआ है। यह चारों नाले खुले हैं और इनकी गहराई भी 15 से 20 फुट के करीब है। बारिश के दिनों में यह नाले पूरी तरह से पानी से भरकर चलते हैं जोकि मानव जीवन के लिए खतरा बन सकते हैं।
खुले नालों की समीक्षा करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि नोएडा जैसी घटना अंबाला छावनी क्षेत्र में न हो। रिपोर्ट मिलने के बाद खतरा बन चुके नालों पर स्लैब या फिर भूमिगत पाइप लाइन डालने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी, इससे पहले मोची मंडी में एक बड़े नाले को भूमिगत किया गया है जोकि स्थानीय निवासियों को राहत पहुंचा रहा है।
- देवेंद्र नरवाल, कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद सदर, अंबाला।