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डीआईजी विजिलेंस की गिरफ्तारी पर कोर्ट ने लगाई रोक, आज फिर सुनवाई

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गृहमंत्री अनिल विज के भाई कपिल विज और डीआईजी विजिलेंस अशोक कुमार के बीच शुरू हुए विवाद ने तूल पकड़ लिया है। विभिन्न धाराओं में डीआईजी के खिलाफ केस दर्ज करने के बाद पुलिस ने उनकी धरपकड़ के लिए छह टीमों का गठन कर दिया था। उधर, डीआईजी अशोक कुमार ने अतिरिक्त सत्र न्यायालय में गिरफ्तारी पर स्टे की याचिका दायर कर दी। इसकी सुनवाई करते हुए एडिशनल सेशन जज संदीप सिंह की अदालत ने डीआईजी अशोक कुमार की गिरफ्तारी पर सोमवार तक के लिए रोक लगा दी। साथ ही इस मामले में अगली सुनवाई मंगलवार को करने की बात कही। डीआईजी अशोक कुमार ने अपने वकील के माध्यम से कोर्ट में बताया कि कपिल विज का उनसे लंबे समय से मनमुटाव चल रहा था। यही कारण है कि उन्होंने खुद पहल करते हुए बहस के साथ अभद्र व्यवहार करते हुए सबक सिखाने की बात कही थी। उधर, कपिल विज का कहना था कि अशोक कुमार खुद ही उनके पास नशे में धुत्त होकर आए और अभद्र व्यवहार के साथ-साथ गाली गलौज किया तथा साथियों व परिवार को जान से मारने की धमकी भी दी।
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डीआईजी के वकील सतिंद्र बोले
एसपी झज्जर रहते जांच में दखलअंदाजी से रोकने पर था कपिल विज का मनमुटाव
डीआईजी विजिलेंस अशोक कुमार के वकील सतिंद्र सिंह गर्ग ने बताया कि एडिशनल सेशन जज संदीप सिंह की अदालत से गिरफ्तारी पर एक दिन के लिए रोक लग गई है। नौ फरवरी को दोबारा से सुनवाई होगी। कोर्ट में लगाई जमानत याचिका के अंदर डीआईजी अशोक की तरफ से तर्क दिया गया है कि जब वह एसपी झज्जर थे और किसी मामले में जांच कर रहे थे तो कपिल विज ने गृहमंत्री अनिल विज का भाई होने की बात करते हुए जांच में दखलअंदाजी की थी। उस समय उन्होंने साफ इंकार कर दिया था कि जो भी रिपोर्ट में आएगा वो ही मान्य होगा। विवाद का यह सिलसिला अशोक कुमार जब अलग-अलग जगह एसपी तैनात थे तो वहां भी चला। तभी से कपिल विज का अशोक कुमार से मनमुटाव चल रहा था। यहीं कारण रहा कि अशोक कुमार को मेन पुलिस फोर्स से हटाकर विजिलेंस डीआईजी लगा दिया गया था। रविवार को सरहिंद क्लब में फोनिक्स क्लब के पूर्व चेयरमैन राकेश अग्रवाल के पोते के जन्मदिन में अशोक कुमार अपनी पत्नी सरोज के साथ आए थे और बेटी के ससुराल पक्ष की तरफ से कार्यक्रम होने के कारण उनका पूरा परिवार मौजूद था।
डीआईजी विजिलेंस के वकील का आरोप
कपिल विज ने खाने के टेबल पर देखते ही अशोक कुमार को आवाज लगाई कि बात सुनो, लेकिन अशोक कुमार ने कपिल विज के हाथ में शराब का गिलास होने के कारण उनके पास जाना उचित नहीं समझा और खाना खाने लग गए। कुछ देर बाद ही कपिल विज ने उनके पास आकर बहस शुरू कर दी और अभद्र व्यवहार किया। बोले कि जानते हो मैं गृहमंत्री अनिल विज का भाई हूं। तुम्हें सबक सिखाऊंगा। बात को बढ़ता देखकर अशोक कुमार वहां से निकल गए। बाद में पता लगा कि उन्हीं के खिलाफ मामला दर्ज कर दिया।
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गृहमंत्री के भाई कपिल विज की शिकायत
सरहिंद क्लब के अंदर अशोक कुमार ने नशे ही हालत में उनके बहस शुरू कर दी थी। इतने में लोग उन्हें समझाते कि अभद्र व्यवहार के साथ मुझे, मेरे साथियों व परिवार के जान से मारने की धमकी भी दी। वह तो जाते भी नहीं थे कि आखिर वो है कौन। खुद ही अशोक कुमार बोल रहे थे कि वह डीआईजी विजिलेंस है और मेरा कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता। लोगों के समझाने के बाद मामला शांत हो गया और वो थोड़ी देर बैठकर वहां से चले गए। बाद में उन्होंने पुलिस में शिकायत दी।
6 टीमें गठित कर गिरफ्तारी की प्रक्रिया चल रही थी। जैसे ही उन्हें कोर्ट के आदेश मिले कि डीआईजी अशोक कुमार की गिरफ्तारी पर एक दिन की रोक लग गई है तो छापेमारी रोक दी। मामले की गंभीरता से जांच के लिए कार्यक्रम में शामिल लोगों से पूछताछ की जा रही है। हालांकि जिस जगह पर पार्टी चल रही थी वहां सीसीटीवी कैमरे नहीं थे।
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-विजय, इंस्पेक्टर, थाना प्रभारी अंबाला कैंट
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