मां ने नशे के लिए पैसे देने से इंकार किया तो खफा पंजोखरा निवासी 28 वर्षीय हरविंद्र सिंह ने फंदा लगाकर जान दे दी। परिजनों को इस बात का पता तब चला जब हरविंद्र सुबह उठा ही नहीं। परिवार के सदस्यों ने उसके कमरे का दरवाजा खोला तो वह फंदे से झूल रहा था। परिजनों ने जब शोर मचाया तो आसपास के लोग इकट्ठे हो गए और शव को फंदे से उतारा। वैन की सहायता से उसे सिविल अस्पताल लाया गया। जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के दौरान मृत घोषित कर दिया।
दादा को नसीब नहीं हो सकी खुशियां
हरविंद्र के दादा दीप सिंह ने बताया कि अब उनके दूसरे पोते ने भी फंदा लगाकर जान दे दी। जबकि 23 साल पहले ही उसके बेटे की भी मौत हो गई थी। उसके बाद 11 साल पहले ही उन्होंने अपने बड़े पोते परविंद्र की शादी की थी। लेकिन पांच साल पहले उनका बड़ा पोता भी दुनिया छोड़ कर चला गया था। जिसकी बहू की शादी छोटे बेटे हरविंद्र के साथ करवाई थी। लेकिन अब उसने भी फंदा लगा लिया है। उन्होंने किसी तरह दिहाड़ी मजदूूरी करके अपने बेटों को बड़ा किया था। अब बहू और दो पोता व पोती ही रह गई हैं।
जानकारी के अनुसार हरविंद्र नशे का आदी था और दिहाड़ी मजदूरी कर गुजारा चला रहा था। साथ ही बहू भी आंगनवाड़ी में हेल्पर का कार्य करती थी। इसलिए कमाई कम और खर्चा अधिक था। इससे वह काफी परेशान चल रहा था। दादा के अनुसार इसी परेशानी के कारण उसने रात में फंदा लगा लिया।
युवक नशे का आदी था। उसने अपनी मां से नशे के लिए रुपये मांगे थे लेकिन मां ने इंकार कर दिया। इसी कारण परेशान होकर उसने आत्महत्या कर ली।
- मान सिंह, हेडकांस्टेबल, पंजोखरा थाना