अंबाला सिटी। प्रदेश के राजकीय स्कूलों में तीसरी से पांचवीं कक्षा तक के विद्यार्थी मदर्स डे के अवसर पर नोटबुक में अपनी मां व दादी को पत्र लिखेंगे। मदर्स डे हर वर्ष मई के दूसरे रविवार को मनाया जाता है और इस बार मदर्स डे 12 मई को पड़ रहा है। शिक्षा विभाग ने अबकी बार मदर्स डे पर अनोखी योजना तैयार की है।
गुरुजी स्कूलों में बच्चों की विशेष तैयारी करवाएंगे, फिर बच्चे अपनी मां को यह पत्र सौंपेंगे। मां भी इसे पढ़कर बच्चों को लौटाएगी और गुरुजी को भेजेंगी। यही नहीं, सोशल मीडिया पर भी शेयर करेंगी। खास बात यह है कि बच्चे अपनी नानी और दादी के नाम भी यह पत्र लिख सकेंगे।
जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी सुधीर कालड़ा ने बताया कि इस संदर्भ में शिक्षा विभाग ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को पत्र भेजा है। विद्यालय में कक्षा अध्यापक इस पत्र लेखन का ड्राफ्ट तैयार कर बच्चों का मार्गदर्शन करेंगे और सभी को लेखन का अभ्यास कराएंगे।
अध्यापक इसके बाद अशुद्धियों की जांच करेंगे और उसके बाद इन पत्रों का बच्चों से पुनः लेखन और लिफाफे में डालने का कार्य करवाया जाएगा। 12 मई को सभी विद्यार्थी इस पत्र को अपनी मां को देंगे। पत्र पढ़कर मां अपनी टिप्पणी दर्ज करेगी और सोशल मीडिया पर शेयर करेंगी। यह पत्र बच्चे के माध्यम से फिर से गुरुजी के पास पहुंचेगा।
डीईईओ सुधीर कालड़ा ने बताया कि शिक्षा विभाग ने निपुण हरियाणा कार्यक्रम के तहत भाषा के लेखन कौशल विकास के लिए मातृ दिवस के अवसर पर विद्यार्थियों द्वारा मां को यह पत्र लिखने को कहा है। विद्यार्थी अपनी बड़ी माता दादी या नानी को भी पत्र लिख सकेंगे। तीसरी कक्षा के लिए 60 शब्द यानी छह पंक्तियां, चौथी कक्षा के लिए 100 शब्द 10 पंक्तियां और पांचवीं के लिए 130 शब्द और 15 पंक्तियां होंगी।
पत्र में कहा गया है कि विद्यार्थी मन के भावों विचारों को अपनी श्रद्धा प्रकट करने के उद्देश्य से अपनी माता के बारे में उनकी अच्छाइयों, उनकी ओर से किए जाने वाले प्यार, दुलार, पालन पोषण में किए जाने वाले अथक प्रयासों, पढ़ाई-लिखाई और अच्छी आदतें और संस्कार प्रदान करने में की जा रही मदद के बारे में उल्लेख करते हुए आभार प्रकट करेंगे। यही नहीं मां की ओर से बनाए गए स्वादिष्ट भोजन और भ्रमण आदि के बारे में भी लिखेंगे।