अंबाला। दीवान कृष्ण किशोर सनातन धर्म आदर्श संस्कृत महाविद्यालय में संस्कृत सप्ताह समारोह का शुभारंभ हुआ। मुख्य वक्ता प्रो. श्यामनाथ झा ने संस्कृत को भारतीय ज्ञान-परंपरा की प्रमुख संवाहिका बताया। यह समारोह 20 से 27 अगस्त तक आयोजित किया जा रहा है।
प्रो. श्यामनाथ झा ने कहा कि संस्कृत केवल प्राचीन भाषा नहीं, बल्कि भारतीय ज्ञान-विज्ञान और संस्कृति को समझने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने विद्यार्थियों को संस्कृत के अध्ययन और दैनिक जीवन में इसके प्रयोग के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. विष्णुदत्त शर्मा ने की। प्राचार्य शर्मा ने कहा कि संस्कृत का संरक्षण और संवर्धन सामूहिक दायित्व है। उन्होंने विद्यार्थियों से संस्कृत सप्ताह की विभिन्न गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग लेने का आह्वान किया। कार्यक्रम संयोजक डॉ. नितिन कुमार ने अपने स्वागत भाषण में संस्कृत भाषा के महत्व पर प्रकाश डाला। समारोह का शुभारंभ उत्साहपूर्ण वातावरण में हुआ।
इस अवसर पर ज्योतिष विभाग से डॉ. वीरेंद्र शर्मा उपस्थित रहे। साहित्य विभाग से डॉ. राकेश कुमार जैन, डॉ. बुद्धिवल्लभ देवराडी और डॉ. रेणु वत्स भी मौजूद थे। आधुनिक विभाग से डॉ. मनोज कुमार दुबे, डॉ. वीरेंद्र प्रकाश और डॉ. गगनदीप भी कार्यक्रम में शामिल हुए। इनके साथ आचार्यगण, कर्मचारी और विद्यार्थी भी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।