अंबाला । महेंद्रगढ़ की बेटी और अंबाला की बहू रुचि शर्मा लंबे समय से महिला सशक्तीकरण पर कार्य कर रही हैं। उनके सामाजिक कार्यों की गूंज दिल्ली तक पहुंच गई। वर्ष 2012-13 में राष्ट्रपति भवन में तत्कालीन राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी ने उन्हें नेशनल यूथ अवार्ड से नावाजा। इसके बाद से रुचि के कदम नहीं रुके वह लगातार एक के बाद एक कार्य से अवार्ड अपने नाम करती गईं। कोरोना काल में जब लोग मानसिक व शारीरिक रूप से परेशान हो रहे थे तब भी रुचि ने निर्भया को समर्पित स्टॉप द रेप नाम से डॉक्यूमेंट्री बनाकर वाहवाही बटोंरी। उनके यह प्रयास सार्वजनिक जीवन में महिलाओं काे प्रेरणा देने का काम कर रहे हैं।
नेहरू युवा केंद्र से की थी सामाजिक कार्यों की शुरुआत
अंबाला छावनी के गणेश विहार निवासी रुचि शर्मा ने बताया कि उन्होने एमए तक पढ़ाई की है। शादी से पहले महेंद्रगढ़ में उन्होंने एक सरकारी कार्यक्रम में समाज सेवा के लिए सम्मान पाते लोगों को देखा था। इसके बाद से ही रुचि ने समाज सेवा के क्षेत्र में काम करना शुरू कर दिया। उन्होंने बताया कि वर्ष 2007 में नेहरू युवा केंद्र में ज्वाइन किया था। केंद्र में कार्य करते हुए दो वर्ष तक पौधारोपण, स्वास्थ्य शिविर, महिलाओं के लिए सिलाई सेंटर जैसे कई कार्य किए। इसके बाद वर्ष 2009 वन विभाग में कंसल्टेंट ऑफिसर के रूप में काम किया। यहां वर्ष 2014 तक वह कई सेल्फ हेल्प ग्रुपों के साथ काम कर चुकी थीं। अभी लगभग 17 वर्षों से वह सामाजिक रूप से अलग-अलग कार्य कर रही हैं।
यह मिल चुके हैं पुरस्कार
रुचि ने बताया कि उन्हें सामाजिक कार्यों व महिला सशक्तिकरण पर कार्य करने के लिए दो जिला स्तरीय पुरस्कार मिल चुके हैं। जिसमें एक हरियाणा सरकार तो दूसरा भारत सरकार द्वारा दिया गया। इसके साथ ही एक राज्य स्तरीय पुरस्कार मिल चुका है। हिमाचल प्रदेश में भारत की वीरांगना अवार्ड सर्वश्रेष्ठ युवा महिला अवार्ड सहित अन्य पुरस्कार मिल चुके है। इसके साथ हीवह केरल और भुवनेश्वर में महिला सशक्तिकरण पर हरियाणा का प्रतिनिधित्व भी कर चुकी हैं। जिसके उन्हें अवार्ड भी मिला था।