अंबाला। रंगों के त्योहार होली के दाे दिन रह गए हैं। ऐसे में लोग अपने घर जाने के लिए उत्सुक दिखे। सोमवार को छावनी रेलवे स्टेशन और बस अड्डे पर यात्रियों की भीड़ दिखाई दी। अपनों के संग होली खेलने की चाहत में यात्री जान जोखिम में डालकर सफर करने पर मजबूर दिखे। हालात ऐसे थे कि ट्रेन और बस में पैर रखने तक की जगह नहीं थी। यात्री शौचालय के दरवाजे के पास बैठकर यात्रा करते नजर आए।
अमृतसर-कटिहार एक्सप्रेस में अफरातफरी
छावनी रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर दो पर जैसे ही कटिहार जाने वाली आम्रपाली एक्सप्रेस पहुंची। ट्रेन के रुकते ही बाहर खड़े यात्री ट्रेन में चढ़ने के लिए जूझते नजर आए। जनरल कोच के साथ साथ स्लीपर डिब्बों के गेट पर भीड़ जमी रही। स्थिति यह थी कि लोग डिब्बों के अंदर घुसने के लिए मशक्कत कर रहे थे। वहीं स्टेशन पर तैनात कुली भी यात्रियों को कोच के गेट के बजाय इमरजेंसी खिड़कियों से बैठाते दिखे। जब ट्रेन रवाना हुई दर्जनों यात्री पायदानों पर बैठकर और लटककर यात्रा करते नजर आए जो खतरनाक साबित हो सकता है।
दो घंटे पहले ही आ गए यात्री
छावनी बस अड्डे से सीतापुर, लखनऊ, बरेली और शाहजहांपुर जाने वाले यात्री दो घंटे पहले ही काउंटर नंबर 18 पर जमा हो गए। दोपहर करीब एक बजे जब अंबाला डिपो की बस काउंटर पर लगी, तो यात्रियों की भीड़ बस में बैठने के लिए दौड़ी। यह देख परिचालक ने बस का दरवाजा अंदर से बंद कर लिया और बाहर निकलकर टिकट काटने लगे। देखते ही देखते यात्रियों की भीड़ ने परिचालक को चारों तरफ से घेर लिया। इस दौरान परिचालक ने मुश्किल से यात्रियों की टिकटें काटी। क्षमता से अधिक यात्री होने के कारण कई यात्री बस में सवार नहीं हो सके। जो दूसरे डिपो की बस में सवार होकर अपने गंतव्य की ओर रवाना हो गए।
वर्जन...
होली पर यात्रियों को किसी तरह की परेशानी न हो इसके लिए रोडवेज की ओर से तैयारियां की गई हैं। जिस रूट पर यात्रियों की भीड़ रहेगी वहां अतिरिक्त बस चलाई जाएगी।
- अश्वनी डोगरा, महाप्रबंधक, अंबाला डिपो