अंबाला। जिले में दूसरे दिन भी कोरोना का एक नया मामला सामने आया। अलीगढ़ से लौटे 22 वर्षीय युवक में यह संक्रमण पाया गया। हालांकि पहले विभाग इस मरीज को संदिग्ध मान रहा था लेकिन मंगलवार को टेस्ट की रिपोर्ट आने के बाद पुष्टि हुई।
इस तरह से जिले में मौजूदा कोरोना के मरीजों की संख्या तीन हो गई है। तीनों की हालत ठीक होने के कारण उन्हें विभाग की तरफ से होम आईसोलेट किया गया है। मरीजों के संपर्क में आने वाले दूसरे मरीजों में इस तरह के कोई लक्षण नहीं है।
विभाग की तरफ से कुछ चुनिंदा लोगों के ही सैंपल लेकर जांचे गए हैं। राहत की बात यह है कि अभी तक संक्रमित मरीजों के संपर्क में आने वालों में से कोई संक्रमित नहीं मिला है। एक सप्ताह तक अपने घरों में होम आईसोलेट होने वाले मरीजों पर भी विभाग पूरी तरह से अपनी नजर बनाए हुए है। मरीजों के सैंपलों को जीनोम स्वीक्वेंसिंग के लिए नहीं भेजा जा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग कोरोना के लिए गंभीर है। पांच दिन पहले ही विभाग ने सैंपलिंग को बढ़ा दिया था। आज तक कुल 228 सैंपल लिए जा चुके हैं। इनमें से तीन में कोरोना का संक्रमण पाया है। इसके अलावा मंगलवार को विभाग ने 19 सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे हैं। साथ ही विभाग की तरफ से नागरिक अस्पतालों की ओपीडी में आने वाले खांसी, जुकाम के मरीजों पर भी नजर रखी जा रही है। अंबाला कैंट फ्लू ओपीडी की बात करें तो तीन दिन में चार संदिग्ध मरीजों के ही टेस्ट किए थे। उनकी भी रिपोर्ट ठीक आई है। मंगलवार को किसी मरीज का टेस्ट नहीं हुआ।
अभी तक नहीं पहुंची आरटीपीसीआर की किटें
जिले में पिछले दो दिन से लगातार कोरोना के मरीज सामने आ रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि अभी तक विभाग के बाद केवल रैपिड टेस्ट की किटें ही हैं। उनकी रिपोर्ट के आधार पर ही मरीजों को कोरोना घोषित किया जा रहा है। जबकि आरटीपीसीआर किटें जल्द अस्पतालों में उपलब्ध करवाने की मांग की जा रही है। वहीं, निजी अस्पतालों पर भी विभाग की नजर है और उन्हें भी दिशा निर्देश दिए गए है कि कोई भी कोरोना का संदिग्ध मरीज सामने आता है तो तुरंत विभाग को सूचित करें।
वर्जन
जिले में कोरोना के मरीजों की संख्या तीन है। सभी मरीज पूरी तरह से स्वस्थ और होम आईसोलेट हैं। विभाग लगातार मरीजों के संपर्क में है। अभी तक किसी भी मरीज को अस्पताल में दाखिल करने की स्थिति नहीं आई है।
डॉ. राकेश सहल, सिविल सर्जन, अंबाला।