संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला। कैंट रेलवे स्टेशन के पार्सल कार्यालय में रखे सामान की लगभग 30 वर्षों बाद बिक्री की गई और वो भी खुली बोली के तहत। इस बोली में चार से पांच व्यापारियों ने हिस्सा लिया। रेलवे द्वारा बेची गई पुरानी बाइक सहित अन्य कबाड़ से राजस्व के तौर पर लगभग दो लाख रुपये प्राप्त हुए हैं।
इस सुविधा से जहां रेलवे को कमाई हुई है तो वहीं पार्सल कार्यालय को भी कबाड़ से छुटकारा मिला है। ऐसे में अब यहां अन्य सामान को सुरक्षित रखने की जगह मिल सकेगी। पार्सल कार्यालय के रिकॉर्ड के अनुसार, गोदाम में रखे कंडम हो चुके 29 दोपहिया वाहनों की खुली बोली में नीलामी की गई।
इसमें 20 बाइक, आठ स्कूटर और एक मोपेड शामिल थी। इसके अलावा लोहे सहित कुछ अन्य कबाड़ भी बेचा गया है। इसकी विस्तृत रिपोर्ट बनाकर उच्चाधिकारियों को भी भेज दी गई है।
बोली का रेट था 30 रुपये प्रति किलो : रेलवे द्वारा नीलाम किए गए दोपहिया वाहनों में कुछ वाहन हरियाणा नंबर के थे तो कुछ पंजाब, चंडीगढ़ और राजस्थान जैसे विभिन्न राज्यों के जोकि सालों तक पहले पार्किंग में लावारिस खड़े रहे और फिर पार्सल कार्यालय में। रेलवे ने बोली के लिए 30 रुपये प्रति किलो का रेट निर्धारित किया था जोकि 50 रुपये प्रति किलो पर जाकर खत्म हुआ और इसके हिसाब से ही रेलवे ने राजस्व की प्राप्ति की।