सीएम मनोहर लाल ने साथ सम्मान पाने वाले मेधावी।
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मोबाइल से बनाई दूरी
केपीएके महाविद्यालय स्कूल की छात्रा रही कनिका ने बताया कि बोर्ड की परीक्षा के दौरान उन्होंने मोबाइल फोन से दूरी बनाए रखी। कभी-कभी ही मोबाइल फोन का प्रयोग करती हैं। उन्होंने कहा कि पढ़ाई में सबसे बड़ी बाधा मोबाइल है। इसके अलावा वह पढ़ाई करने बैठती थी तो उस विषय को समझकर पढ़ती थी। अगर परीक्षा में सवाल घुमा कर पूछ लिया तो दिक्कत नहीं आए।
12वीं में दूसरा स्थान पाया
जीजस एंड मेरी स्कूल भूरेवाला में पढ़ चुकी छात्रा दसवीं कक्षा में बेहतर प्रदर्शन कर जिले में दूसरा स्थान पाने वाली पलक ने हॉस्टल में रहकर पढ़ाई कर रही हैं। इसके लिए फोन से हमेशा दूर रहती हैं। इसके अलावा मुख्य रूप से स्कूल से आने के बाद करीब चार घंटे पढ़ाई करने का लक्ष्य रखा है, ताकि 12वीं कक्षा में भी अव्वल आने की उपलब्धि को बनाए रख सके।
पढ़ाई में दिया ज्यादा समय
नंद लाल गीता विद्या मंदिर स्कूल की छात्रा विशाखा ने बताया कि उन्होंने 10वीं में 486 अंक प्राप्त किए थे। नंद लाल गीता विद्या मंदिर स्कूल में पढ़ते हुए वह अपना अधिकतर समय पढ़ाई में ही व्यतीत करती हैं। उसका सपना है कि वह इंजीनियर बने और उसी के लिए वह दिन-रात मेहनत करते हुए प्रयास कर रही हैं। सपना पूरा करने के लिए पढ़ाई का लक्ष्य रखा है।
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पढ़ाई करने का रखा लक्ष्य
नंद लाल गीता विद्या मंदिर स्कूल की छात्रा महक ने बताया कि वह प्रतिदिन पढ़ाई करने का लक्ष्य रखती हैं। जब तक वह पूरा नहीं होता तब तक उठती नहीं हैं। प्रतिदिन के इसी प्रयास से उन्होंने 10वीं कक्षा में वह यह प्रदर्शन कर पाई। उन्होंने कहा कि इस बार जिले में चाहे तृतीय स्थान हासिल किया है, लेकिन 12 वीं में प्रथम आने के लिए प्रयास करेंगी और पढ़ाई कर रही हैं।