अंबाला। क्रिप्टो करेंसी के माध्यम से फोरेक्स में ट्रेडिंग कर मुनाफा का लालच देकर हरियाणा, पंजाब सहित अन्य राज्यों के सेकड़ों लोगों से ठगी हो गई। जब पीड़ितों का मुनाफा आना बंद हो गया तो इसका पता लगा।
इस संबंध में एक शिकायत महेश नगर थाना में छावनी के बब्याल स्थित नूनगढ़ मोहल्ला निवासी संजीव कुमार राणा ने दी। इसमें पीड़ित ने आरोप लगाया है कि 589 लोगों के साथ छह करोड़ 30 लाख रुपये की धोखाधड़ी हुई है। इस शिकायत में सामने आया है कि इस धोखाधड़ी को करने के लिए पिरामिड स्कीम की तरह नेटवर्क का इस्तेमाल किया।
पीड़ितों का कहना है कि इस मामले में गहनता से जांच की जाए तो कई राज्य के लोगों से करोड़ों रुपये की ठगी सामने आ सकती है। महेश नगर थाना पुलिस ने कुरुक्षेत्र के रत्नगढ़ निवासी गुरमेल सिंह, अंबाला के मुजफरा निवासी सोमनाथ, सिटी के सरस्वती विहार निवासी सुखबीर सिंह, कैथल के भोगपुर निवासी संदीप सिंह, पंचकूला के बडोना निवासी सुखबीर सिंह सैनी, नन्याैला निवासी गुरमीत सिंह पर विश्वासघात की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
पिरामिड स्कीम से जोड़े लोग
शिकायतकर्ता छावनी के बब्याल निवासी संजीव कुमार राणा ने बताया कि वह पहले एक कंपनी में पिरामिड स्कीम के तहत निवेश करते रहते थे। उनके नीचे सेकड़ों लोगों की टीम थी लेकिन इस स्कीम में उन्हें भारी नुकसान हुआ। इसका फायदा उठाते हुए आरोपियों ने उन्हें क्रिप्टो वेली के माध्यम से यूएस डॉलर के जरिये विदेशी ट्रेडिंग मार्केट फोरेक्स में निवेश करने का झांसा दिया। संजीव कुमार राणा ने बताते हैं कि इस कंपनी में उनके साथ 40 लोग लीडर थे और उनके नीचे करीब 589 लोग जोड़े गए थे। सभी लोगों ने वेबसाइट के माध्यम से जनवरी में करोड़ों रुपये का निवेश किया था। शिकायतकर्ता ने बताया कि इस मामले में 11 नवंबर 2024 को कैबिनेट मंत्री अनिल विज ने एसआईटी गठित कर दी थी। इसके ढाई माह बाद मामला दर्ज हुआ है।
चेक और जमीन देने की बात पर भी धोखाधड़ी
शिकायतकर्ता का आरोप है कि उन्होंने जनवरी 2023 से निवेश करना शुरू किया था। फरवरी 2024 तक कंपनी ने उन्हें भुगतान भी किया, मगर इसके बाद से भुगतान रुक गए। बाद में जब पंचायतें हुई तो आरोपियों ने पांच करोड़ रुपये का चेक और एक करोड़ की कीमत वाले प्लाॅट की पॉवर ऑफ अटॉर्नी दे दी थी लेकिन बाद में आज तक चेक का न तो भुगतान हुआ और जमीन की पॉवर ऑफ अटार्नी भी रद्द हो गई। पीड़ित का आरोप है कि शिकायत के बावजूद भी आरोपियों के हौसले इतने बुलंद हैं कि वह नई कंपनी बनाकर नए लोगों से निवेश कर रहे हैं।