अंबाला सिटी। शहर में लगने वाली करीब 27 हजार नई स्ट्रीट लाइट एक वर्ष से जंग खा रही हैं। इन स्ट्रीट लाइट को लगाने के लिए निगम ने फाइल चलाई थी। स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए फाइनेंशियल स्क्रूटनी हो गई है। अब मुख्यमंत्री नायब सिंह स्ट्रीट लाइट के रेट अप्रूवल को लेकर निगम अधिकारियों की बैठक लेंगे। यह बैठक फरवरी माह में होने की संभावना जताई जा रही है। एक वर्ष से कमरे में बंद पड़ी इन लाइट को लगाने के लिए उम्मीद जगी है। प्रदेशभर के कई जिलों में नई स्ट्रीट लाइट लगनी हैं। यह स्ट्रीट एक साथ ही कई जिलों को मिली थी।
वहीं, इन लाइट को लगाने के लिए निगम हाउस में भी मुद्दा उठ चुका है। पार्षद भी कई बार लाइट को लगाने के लिए निगम अधिकारियों को कह चुके हैं, मगर स्थिति यह है कि यह लाइट अभी तक नहीं लगाई। यही नहीं निगम इन लाइट की गारंटी भी बढ़वा चुका है।
कई बार पार्षद अधिकारियों के सामने दुखड़ा रो चुके
शहर के सेक्टर, कॉलोनी और ग्रामीण क्षेत्र में लाइट न लगने से अंधेरा पसरा है। वार्ड पार्षद भी उनके वार्डों में इन लाइट को लगाने के लिए कई बार मांग कर चुके हैं। वार्ड-एक में निगम के ज्यादा गांव आते हैं। इस एरिया में अभी तक स्ट्रीट लाइट के लिए पोल भी नहीं लगाए गए हैं। इन गांवों के लोग कई बार पार्षद व अधिकारियों के समक्ष भी दुखड़ा रो चुके हैं, मगर हालात जस के तस हैं।
निगम में शामिल गांव में स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए पोल भी लगेंगे
दरअसल, निगम के सभी 20 वार्ड में लगाने के लिए नई स्ट्रीट लाइट आई थी। इन स्ट्रीट लाइट की खरीद के लिए टेंडर मुख्यालय स्तर पर हुआ था। इन लाइट को लगाने के लिए निगम ने टेंडर करना था। निगम में शामिल हुए गांव में स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए पोल भी लगने हैं। स्ट्रीट लाइट के पोल व स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए टेंडर प्रक्रिया लाइट आने के बाद ही शुरू हो गई थी, मगर यह एक वर्ष में भी सिरे नहीं चढ़ी।
तीन वर्ष बीत जाने के बाद भी न स्ट्रीट लाइट लगी न ही पोल : मेहता
नगर निगम के डिप्टी मेयर राजेश मेहता ने कहा कि सरकार शहरवासियों को अंधेरे में धकेलने का कार्य कर रही हैं। निगम अधिकारियों ने अभी तक शहर में नई स्ट्रीट लाइट लगाने का कार्य नहीं किया, जबकि यह स्ट्रीट लाइट पिछले एक साल से निगम के कमरे में बंद करके रखी गई हैं।
शहर और निगम के गांवों में अंधेरा पसरा है। निगम में आए गांवों की सबसे ज्यादा बुरी स्थिति है। उन्होंने कहा कि तीन वर्ष बीत जाने के बाद भी इन गांवों में न स्ट्रीट लाइट लगी और न ही पोल लगाए गए।
वर्जन
सभी वार्ड में नई स्ट्रीट लाइट लगाने को लेकर दोबारा फाइल चलाई गई है। स्ट्रीट लाइट को लेकर फाइनेंशियल स्क्रूटनी हो गई है। अब रेट अप्रूवल को लेकर चंडीगढ़ में बैठक होनी हैं। इसके बाद निविदा लगाकर शहर में जल्द ही स्ट्रीट लाइट लगवाई जाएंगी।
एलसी चौहान, एक्सईएन, नगर निगम।