अंबाला। नगर परिषद सदर के वार्ड बंदी की फाइनल अधिसूचना हरियाणा सरकार ने जारी कर दी है। इसके अनुसार सरकार ने नगर परिषद के अधीन 32 वार्डों का निर्धारण किया है। इससे नगर परिषद के चुनावों की तैयारी भी अब जल्द ही शुरू हो जाएगी।
इसके साथ ही जनसंख्या के आधार पर एससी और बीसी वार्ड आरक्षित किए जाएंगे और यह कार्य ड्रा के माध्यम से किया जाएगा। नगर परिषद ने जनवरी माह में 32 वार्डों की फाइनल रिपोर्ट तैयार करके मान्यता के लिए निकाय विभाग के मुख्यालय में भेजी थी।
इस दौरान कुछ आपत्तियों को लेकर नगर परिषद से जानकारी मांगी गई थी तो नगर परिषद ने इन सभी जानकारियों को तथ्यों के साथ मुख्यालय स्तर पर उपलब्ध करवाया था। बावजूद इसके वार्ड बंदी की फाइनल अधिसूचना जारी होने में 11 माह का समय बीत गया। हालांकि लोकसभा और विधानसभा चुनावों के कारण भी यह मामला लंबित हो गया था।
नगर परिषद में 1.75 लाख मतदाता
नगर परिषद की ओर से जुटाए गए आंकड़ों के आधार पर वार्ड 32 में मतदाताओं की संख्या एक लाख 75 हजार 321 है। इसमें एससी श्रेणी से संबंधित 67 हजार 581 मतदाता और बीसी श्रेणी से संबंधित 46 हजार 166 मतदाता हैं। नए 32 नंबर वार्ड की सीमा क्षेत्र जो हिस्सा शामिल किए गए हैं। इसमें कैपिटल चौक से प्रारंभ होकर उत्तर-पूर्व की तरफ आर्य गर्ल्स कालेज चौक तक, दक्षिण-पूर्व की ओर गुड़गुड़िया नाले तक, दक्षिण-पश्चिम की ओर जगाधरी रोड तक, दक्षिण-पश्चिम की तरफ क्राॅस रोड नंबर आठ तक, उत्तर-पश्चिम की तरफ पालिका की उत्तरी-पश्चिमी सीमा तक, उत्तर-पूर्व में एलेक्जेंड्रा रोड तक और दक्षिण-पूर्व में कैपिटल चौक तक, जोकि वार्ड का प्रारंभिक बिंदू भी है।
ऐसे होगा आरक्षित वार्डों का निर्धारण
अंबाला सदर नप के ताजा निर्धारित 32 वार्डों में से सात वार्ड एससी (अनुसूचित जाति) के लिए आरक्षित होंगे। इनमें से तीन एससी महिला के लिए होंगे। इसी प्रकार बीसी (पिछड़ा वर्ग ) ब्लाक ए के लिए कुल तीन वार्ड आरक्षित होंगे। इनमें से एक वार्ड बीसी ए की महिला के लिए होगा। इसी प्रकार आरक्षित वर्ग की महिलाओं को मिलाकर कुल 11 वार्ड महिलाओं के लिए आरक्षित होंगे।
2019 में बना था नगर परिषद
17 मार्च 2010 को अंबाला सदर नगर परिषद को खत्म कर दिया था। तब सदर और सिटी नगर परिषदों को मिलाकर नगर निगम बनाया गया था। 26 जुलाई 2019 को अंबाला नगर निगम का पुनर्गठन किया और सदर जोन (क्षेत्र ) को उसमें से अलग कर दिया। 11 सितंबर 2019 को अंबाला सदर नगर परिषद को फिर से अलग कर दिया।
वर्जन
वार्डबंदी की फाइनल अधिसूचना जारी हो गई है। अब 10 दिन का समय होगा, जब लोग इससे जुड़ी आपत्तियों को दर्ज करा सकेंगे। इसके बाद आगामी कार्रवाई के तहत वार्डों का आरक्षण किया जाएगा।
रविंदर कुहाड़, कार्यकारी अधिकारी नप सदर।