अंबाला। छावनी में बर्फखाने की चर्चित जमीन पर नगर परिषद ने बेशक बोर्ड लगा दिया है, मगर बोर्ड लगाने में भी खानापूर्ति दिखाई दे रही है। इस जमीन पर कैबिनेट मंत्री अनिल विज ने बोर्ड लगाने के निर्देश दिए थे, इसके बावजूद नगर परिषद तीन हजार रुपये नहीं खर्च कर सका। इसलिए अब मात्र 300 रुपये में लकड़ी के सहारे फ्लेक्स लगा दिया गया है जो कभी भी तेज हवा के कारण फट सकता है।
कर्मचारी ने खुद की जेब से खर्च किए थे पैसे
बर्फखाने की जमीन पर जब पिछली बार लोहे के बोर्ड लगाए गए थे तो इन पर छह हजार रुपये खर्च हुए थे जोकि संबंधित कर्मचारी ने अपनी जेब से खर्च किए थे। लेकिन यह पैसा उसे नहीं मिला। इस कारण संबंधित विभागीय कर्मचारी खुद की जेब से पैसा खर्च करने में हिचकिचाते रहे।
बड़ी लापरवाही
ऐसे में यह एक बड़ी लापरवाही का मामला है। मंत्री के निर्देशों की पालना में ढिलाई बरती गई। पहले तो 15 दिन तक चेतावनी बोर्ड नहीं लगा। जब निकाय विभाग के आयुक्त एवं सचिव को कैबिनेट मंत्री अनिल विज ने पत्र भेजा तो इसके अगले ही दिन दिखावे के नाम पर बोर्ड लगा दिया गया। जबकि छावनी के उपमंडल सहित कार्यकारी अधिकारी मौखिक तौर पर बोर्ड लगाने के लिए कई बार आदेश भी दे चुके थे। संवाद