अंबाला। लोगों के आर्थिक स्तर को जानने के लिए शुरू की गई गणना 63 फीसदी पूरी हो चुकी है। शेष 35 फीसदी गणना अब 14 दिनों के भीतर होगी। इसके लिए टीम ने अपनी कमर कस ली है। 2013 में हुई अंतिम आर्थिक गणना के अनुसार जिले में करीब 3.50 लाख भवन थे। इसी को आधार मानकर टीमें लक्ष्य प्राप्ति में जुटी हैं। माना जा रहा है कि इस बार यह लक्ष्य करीब 3.60 लाख तक जाएगा। क्योंकि पिछला सर्वे मैनुअल हुआ था। इसीलिए उसकी एक्यूरेसी शत प्रतिशत नहीं मानी जा सकती, लेकिन इस बार सर्वे आनलाइन हो रहा है और जीओ टैगिंग भी की जा रही है। ऐसे में इसकी विश्वसनीयता पर सवाल नहीं उठाया जा सकेगा।
सितंबर में शुरू हुआ था सर्वे
आर्थिक गणना के लिए जिले में सितंबर माह में सर्वे शुरू किया गया था। यह सर्वे 246 सुपरवाइजरों की देखरेख में चल रहा है। जबकि इसके लिए 1200 एन्यूमरेटर (गणनाकार) लगे हैं। वर्तमान स्थिति की बात करें तो 2 लाख 50 हजार भवनों का सर्वे हो चुका है। इनमें से करीब 1 लाख 85 हजार रिहायशी भवन हैं। जबकि 25 हजार वाणिज्यिक और करीब 40 हजार अन्य भवन हैं। अन्य की बात करें तो इनमें सरकारी भवन, मंदिर, मस्जिद इत्यादि शामिल हैं।
30 मार्च से पहले करना है लक्ष्य पूरा
आर्थिक गणना का कार्य सितंबर माह में शुरू कर दिया गया था और 2.5 लाख तक के लक्ष्य को करीब छह माह में पूरा किया गया है। ऐसे में शेष डेढ़ लाख का लक्ष्य 14 दिनों में पूरा करना असंभव लग रहा है, लेकिन अब पूरी टीम इसी लक्ष्य के पीछे लग गई है। इससे पहले इस कार्य के साथ अन्य कई कार्य भी चल रहे थे। जिन्हें अब पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। लिहाजा हर हाल में 14 दिनों में यह लक्ष्य पूरा कर लिया जाएगा।
कहां क्या स्थिति
जिले की बात करें तो शहजादपुर अर्बन एरिया, बराड़ा अर्बन एरिया, नारायणगढ़ अर्बन एरिया में सर्वे पूरा हो चुका है। गांव की बात करें तो जिले में कुल 408 में से करीब 300 गांव में आर्थिक गणना हो चुकी है। 108 गांव में शहर व छावनी के एरिया में शेष हैं।
7वीं आर्थिक गणना, कैंटोनमेंट बोर्ड से अब ली जाएगी अनुमति
वर्तमान में चल रही आर्थिक गणना 7वीं है। इससे पहले वर्ष 2013 में हुई आर्थिक गणना में ट्विन सिटी में 1 लाख 12 हजार भवनों का सर्वे हुआ था। अभी तक आर्थिक गणना के लिए कैंटोनमेंट बोर्ड से अनुमति नहीं ली गई है। इसके लिए सोमवार को अनुमति के लिए पत्र लिखा गया है। कैंटानेमेंट बोर्ड एरिया में करीब 15 हजार भवनों की गणना होनी है।
हमारा 65 फीसद कार्य लगभग पूरा हो चुका है। शेष लक्ष्य को अगले 10 दिनों के भीतर पूरा कर लिया जाएगा। अब हमारा सारा ध्यान इसी गणना को पूरा करवाने में लगा है।
विवेक शर्मा, जिला प्रबंधक सीएससी।
अब सारे काम बंद कर केवल आर्थिक गणना ही की जा रही है। रोजाना औसतन 15 हजार भवनों का सर्वे हमारी टीम कर रही है। इसीलिए एक सप्ताह के भीतर लक्ष्य पूूरा कर लिया जाएगा।
रोहित सेन, जिला प्रबंधक सीएससी।