बबैल रोड पर धुंध में लाइट जलाकर गुजरते बाइक सवार। संवाद
पानीपत। पौष माह में होने वाले घने कोहरे से लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं। घने कोहरे के कारण लोगों की दिनचर्या प्रभावित हो रही है। इसके साथ ही रही सही कसर शीतलहर पूरी कर रही है।
सुबह से शाम तक चलने वाली शीतलहर से लोग ठिठुरने को मजबूर हैं। शनिवार को कोहरे के कारण दिनभर धूप नहीं निकली। हवा की गति आठ किलो मीटर प्रति घंटा रही। यही कारण रहा कि दिनभर लोग सर्दी से ठिठुरते नजर आए। कोहरे का असर, बस, ट्रेनों पर भी रोज की तरह देखने को मिला। मौसम के जानकार अभी आगामी दिनों तक कोहरा छाए रहने की बात कह रहे हैं।
पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी का असर मैदानी क्षेत्रों में भी देखने को मिल रहा है। पिछले तीन दिन से कोहरे का असर बढ़ता जा रहा है। शनिवार को चौथे दिन सुबह पांच से सात बजे तक घना कोहरा होने के कारण दृश्यता न के बराबर रही। इसके बाद सात बजे दृश्यता कुछ बढ़ी। शहर के बाहरी क्षेत्र में दृश्यता 10 से 20 मीटर रही।
शुक्रवार की अपेक्षा अधिकतम तापमान एक डिग्री कम हुआ। शनिवार को अधिकतम तापमान 19.0 डिग्री और न्यूनतम तापमान नौ डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हवा की रफ्तार आठ किलोमीटर प्रति घंटा रही। हवा चलने से लोगों को दिन में दोपहर 12 से चार बजे तक कोहरे से थोड़ी राहत मिली। इसके बाद जैसे-जैसे शाम होती गई वैसे-वैसे कोहरा गहराता गया। रात को फिर से औद्योगिक नगरी घने कोहरे के आगोश में आ गई, जिससे सड़कों पर चलने वाले वाहनों की रफ्तार कम हो गई। बिंझौल गांव के सतीश ने बताया कि ठंड बढ़ने से गेहूं की फसल अच्छी होगी। इस समय की ठंड से गेहूं का फुटाव अच्छा होने की उम्मीद है। आगे चलकर फसल भी अच्छी होगी। कृषि विज्ञान केंद्र उझा के मौसम विशेषज्ञ डॉ. आशीष कुमार ने बताया कि अगले 24 घंटे तक कोहरा और गहरा सकता है। ऐसे में लोगों को ज्यादा जरूरी काम होने पर ही घर से बाहर निकलना चाहिए, इसके साथ अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखना चाहिए। धुंध में वाहन चलाते समय गति को ध्यान रखना चाहिए।