मौसम विभाग की भविष्य सटीक रही और सोमवार रात से लेकर मंगलवार शाम करीब साढ़े 7 बजे तक जिलेभर में दिनभर रुक-रुककर रिमझिम बरसात होती रही। बरसात के चलते लोग अपने घरों में दुबकने को विवश रहे। हालांकि दिनभर चली इस बरसात के चलते जिले के अधिकतम और न्यूनतम दोनों तापमान में वृद्धि होने से ठंड कम हो गई। बरसात के चलते पाला झड़ने के कारण ठंड कम हुई है। जिलेभर में मंगलवार को करीब 4.3 एमएम बरसात दर्ज की गई। मौसम विभाग की बातों पर यकीन करें तो बुधवार को भी जिलेभर में कुछ स्थानों पर बरसात की संभावनाएं बनी हुई हैं। हालांकि वीरवार से मौसम साफ रहने और पाला पड़ने की संभावनाएं चंडीगढ़ मौसम विभाग ने व्यक्त की हैं। उधर दूसरी तरफ बूंदाबांदी के कारण ही छावनी में लोगों को दिनभर भारी परेशानियों का सामना भी करना पड़ा क्योंकि छावनी में ज्यादातर सड़कें और गलियां उधेड़ी हुई हैं। इसी कारण कीचड़ के कारण लोगों का निकलना दुश्वार हो गया है। बरसात के चलते जिले का अधिकतम तापमान 19.3 और न्यूनतम तापमान 14.3 डिग्री दर्ज किया गया।
फसलों को होगा अभी फायदा
दो दिनों से चल रही यह बूंदाबांदी गेहूं की फसल के अलावा समय पर बीजे गए आलू की फसल के लिए भी वरदान साबित होगी। इतना ही नहीं बूंदाबांदी का सब्जी की फसल पर भी फायदा होगा। अभी तक इतनी अधिक मात्रा में बरसात नहीं हुई है जिससे फसलों पर नुकसान हो। बरसात के कारण उन फसलों को इस समय सबसे ज्यादा फायदा होगा जिन्हें सिंचाई की जरूरत थी। साथ ही साथ ऐसी फसलें जिनपर पिछले कई दिनों से पाले की मार पड़ रही थी।