अंबाला। छावनी की गलियों और मोहल्लों में अवैध रूप से चल रही डेयरियों के खिलाफ नगर परिषद ने कार्रवाई शुरु कर दी है। वीरवार को वार्ड नंबर 7 और 8 में विशेष अभियान चलाते हुए प्रशासन ने डेयरी संचालकों पर शिकंजा कसा। इस दौरान न केवल चालान काटे गए, बल्कि भारी जुर्माना वसूलते हुए भविष्य के लिए सख्त चेतावनी भी दी गई इसके अलावा मुख्य सड़क पर रखे सामान को भी पीछे करवाया गया।
मुख्य सफाई निरीक्षक सुनील दत्त ने बताया कि नगर परिषद को लगातार शिकायतें मिल रही थीं। डेयरी संचालक दूध दोहने के बाद अपने पशुओं को आवारा छोड़ देते हैं। ये पशु मुख्य सड़कों और गलियों में जमा होकर यातायात बाधित करते हैं और गंदगी फैलाते हैं। इसी के मद्देनजर टीम ने वार्ड 7 और 8 में दबिश दी। अभियान के दौरान लापरवाही बरतने वाले संचालकों के मौके पर ही चालान किए गए और 10 हजार रुपये का जुर्माना वसूला गया।
बिजली-पानी काटने की दी चेतावनी
परिषद के अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह केवल शुरुआती कार्रवाई है। डेयरी संचालकों को चेतावनी दी गई है कि यदि उन्होंने अपनी कार्यप्रणाली में सुधार नहीं किया और पशुओं को सड़कों पर छोड़ना बंद नहीं किया तो परिषद उनके बिजली और पानी के कनेक्शन काटने की सिफारिश करेगी। इसके साथ ही, पशुओं को जब्त कर गोशाला भेजने की प्रक्रिया भी शुरू की जा सकती है।
आमजन को मिलेगी राहत
सड़कों पर आवारा गोवंश के जमावड़े के कारण आए दिन दुर्घटनाएं होती रहती हैं। नगर परिषद की इस सख्ती से स्थानीय निवासियों ने राहत की सांस ली है। अधिकारियों का कहना है कि यह अभियान शहर के अन्य वार्डों में भी चरणबद्ध तरीके से जारी रहेगा ताकि छावनी को स्वच्छ और अतिक्रमण मुक्त बनाया जा सके।
रिहायशी इलाकों में बिना अनुमति डेयरी चलाना नियमों के विरुद्ध है। यदि संचालक बार-बार नियमों का उल्लंघन करते पाए गए, तो डेयरियों को सील करने की कार्रवाई भी अमल में लाई जा सकती है।
- देवेंद्र नरवाल, कार्यकारी अधिकारी, नगर परिषद सदर, अंबाला।
अंबाला छावनी के महेशनगर क्षेत्र में खुली डेयरी के संचालक को जुर्माने की रसीद सौंपते कर्मचारी। स