अंबाला। कैंटोनमेंट बोर्ड के स्कूलों का कायाकल्प किया जाएगा। इसमें विशेषकर दिव्यांग छात्रों के लिए सुविधाओं में बढ़ोतरी की जएगी। इसके तहत स्कूलों में बच्चों के लिए रैंप बनाए जाएंगे, वहीं छात्र-छात्राओं के लिए अलग-अलग शौचालय का निर्माण भी किया जाएगा। पीएमश्री योजना के तहत यह बदलाव किया जा रहा है ताकि मापदंड पर खरे उतरकर कैंटोनमेंट बोर्ड के स्कूल के नाम के आगे भी पीएमश्री दर्ज हो सके।
87.4 लाख रुपये हाेंगे खर्च
कैंटोनमेंट बोर्ड द्वारा योजना को धरातल पर उतारने के लिए निविदा भी जारी की गई है। दस्तावेज जमा करवाने की अंतिम तारीख 25 अगस्त है। इस योजना के तहत कैंटोनमेंट बोर्ड के स्कूलों में 38.90 लाख की लागत से शौचालयों का निर्माण किया जाएगा। इसी प्रकार बीई बाजार स्थित सीबी स्कूल में कमरों के अलावा रैंप बनाया जाएगा और इस पर लगभग 48.50 लाख रुपये खर्च होंगे।
तोपखाना परेड का स्कूल होगा अपग्रेड
कैंटोनमेंट बोर्ड के अधीन तोपखाना परेड का स्कूल 12 वीं कक्षा तक हो गया है। मौजूदा समय में आसपास के क्षेत्रों में रहने वाले लगभग एक हजार बच्चे इस स्कूल में शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। बच्चों को शिक्षित करने के लिए 40 लोगों का प्रशिक्षित स्टाफ रखा हुआ है, इसमें खेलकूद में बच्चों को माहिर करने के लिए भी कोच की सुविधा उपलब्ध करवाई गई है। इस स्कूल को पीएम श्री में तब्दील करने के लिए कैंटोनमेंट बोर्ड द्वारा लगातार बदलाव करते हुए सुविधाओं में विस्तार किया जा रहा है ताकि टीम के निरीक्षण के दौरान किसी प्रकार की कोई खामी नजर न आए।
नि:शुल्क शिक्षा
तोपखाना परेड के स्कूल में नि:शुल्क शिक्षा प्रदान की जा रही है। इसके तहत मिड-डे-मिल और अन्य कई प्रकार की सुविधाएं शामिल हैं, इसमें सबसे बड़ी सुविधा कंप्यूटर शिक्षा के ज्ञान की है। पहली कक्षा से ही स्कूल में कंप्यूटर की शिक्षा को अनिवार्य किया गया है, इसके अलावा स्कूल में ही एक बड़ी लाइब्रेरी भी है,यहां बच्चों को सामान्य ज्ञान के अलावा पाठ्यक्रम के अनुसार जरूरी वस्तुएं भी उपलब्ध करवाई जाती हैं।
कैंटोनमेंट बोर्ड के स्कूलों में सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा, इसके तहत स्कूलों में नए कमरे, शौचालय, रैंप सहित अन्य कुछ कार्य करवाए जाएंगे ताकि बच्चों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
- राहुल आनंद शर्मा, सीईओ, कैंटोनमेंट बोर्ड अंबाला।